
Karnataka कर्नाटक: चर्चित हैकर श्रीकृष्ण उर्फ श्रीकी से जुड़े मामले की जांच में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने नए और गंभीर खुलासे किए हैं। एजेंसी ने आरोप लगाया है कि बेंगलुरु के एक बिजनेसमैन सुनीश हेगड़े ने हैक की गई ऑनलाइन पोकर वेबसाइट्स से हासिल जानकारी का इस्तेमाल कर करोड़ों रुपये की अवैध कमाई की।
ED के अनुसार, साल 2017 से सुनीश हेगड़े को क्राइम से जुड़े पैसों का भुगतान कैश, बैंक ट्रांसफर और कसीनो चिप्स के रूप में किया जाता रहा है। जांच में यह भी सामने आया है कि उन्होंने पोकरस्टार्स समेत कई ऑनलाइन पोकर प्लेटफॉर्म से चोरी किए गए डेटा का उपयोग अपने पोकर कारोबार में किया और करीब 6 करोड़ रुपये की कमाई की।
पूछताछ के दौरान श्रीकी ने यह बयान दिया कि उसने कई ऑनलाइन पोकर वेबसाइट्स को हैक किया था। ED का दावा है कि सुनीश हेगड़े ने न केवल इस डेटा का उपयोग किया, बल्कि एक अन्य प्रमुख पोकर वेबसाइट को हैक कराने में भी भूमिका निभाई। आरोप है कि उन्होंने वेबसाइट के मालिक से संपर्क कर “समस्या ठीक करने” का दावा किया और इसके बदले लगभग 2 करोड़ रुपये प्राप्त किए।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, यह पूरा नेटवर्क “एक्सटॉर्शन गेम” की तरह काम करता था, जिसमें हैकिंग और अवैध वसूली के जरिए पैसे कमाए जाते थे। रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि हेगड़े को पोकर रूम मालिक से कैश के साथ करीब 20 लाख रुपये मूल्य के कसीनो चिप्स मिले, जिनका इस्तेमाल श्रीकी और उसके सहयोगियों द्वारा विदेशी कसीनो में किया जाता था।
अशोकनगर पुलिस स्टेशन में दर्ज एक अन्य मामले में हेगड़े के खाते में 28 लाख रुपये के ट्रांजैक्शन का भी पता चला है। इसके अलावा CID की फॉरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि गोवा स्थित एक कसीनो ऑपरेटर के खाते में लगभग 20 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए, जो बाद में अलग-अलग खातों से होते हुए हेगड़े के पास पहुंचे।
ED की जांच में यह भी सामने आया है कि हेगड़े ने बिनांस क्रिप्टो वॉलेट का उपयोग करते हुए 1 लाख USDT से अधिक का ट्रांजैक्शन किया। हालांकि, उन्होंने क्रिप्टोकरेंसी से किसी भी संबंध से इनकार किया है। एजेंसी का कहना है कि बैंक रिकॉर्ड और जब्त डिजिटल साक्ष्य उनके बयान से मेल नहीं खाते।
जांच के दौरान यह भी आरोप सामने आया है कि सुनीश हेगड़े पर डार्क वेब के जरिए प्रतिबंधित ड्रग्स खरीदने और विदेशों से पार्सल मंगाने का शक है। कथित तौर पर यह पार्सल बेंगलुरु के कॉटनपेट स्थित फॉरेन पोस्ट ऑफिस से प्राप्त किया गया था, जिसमें नारकोटिक्स पाए गए।
ED ने यह भी कहा है कि इस पूरे मामले में मनी लॉन्ड्रिंग, साइबर क्राइम, क्रिप्टो लेनदेन और ड्रग्स नेटवर्क के लिंक की गहन जांच की जा रही है। एजेंसी ने संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।





