Ranchi: भीषण गर्मी पर सीएम हेमंत सोरेन की समीक्षा बैठक, पेयजल–बिजली–स्वास्थ्य पर सख्त निर्देश

Jharkhand : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दिल्ली दौरे के दौरान वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों और सभी जिलों के उपायुक्तों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की। इस बैठक में राज्य की वर्तमान भीषण गर्मी और बढ़ते तापमान की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में मुख्य सचिव अविनाश कुमार, अपर मुख्य सचिव (स्वास्थ्य विभाग) अजय कुमार सिंह, अपर मुख्य सचिव (गृह विभाग) वंदना दादेल सहित विभिन्न विभागों के सचिव और सभी जिलों के उपायुक्त शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने सभी जिलों की मौजूदा स्थिति की जानकारी ली और आवश्यक निर्देश दिए। सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि गर्मी के इस मौसम में आम जनता को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, यह जिला प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने विशेष रूप से पेयजल, बिजली और स्वास्थ्य सेवाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
पेयजल व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री ने सभी उपायुक्तों को निर्देश दिया कि अपने-अपने जिलों में जल आपूर्ति की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी क्षेत्र में जल संकट की स्थिति उत्पन्न न हो। उन्होंने कहा कि जलापूर्ति योजनाओं, चापाकलों, टैंकरों और अन्य वैकल्पिक स्रोतों की नियमित निगरानी की जाए और जहां भी समस्या मिले, वहां तुरंत कार्रवाई हो।
बिजली आपूर्ति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गर्मी के दौरान निर्बाध बिजली आपूर्ति बेहद जरूरी है। उन्होंने निर्देश दिए कि ट्रांसफॉर्मर की खराबी, बिजली कटौती और आपूर्ति बाधित होने जैसी समस्याओं का तुरंत समाधान किया जाए। इसके लिए संबंधित विभागों के साथ बेहतर समन्वय बनाए रखने पर जोर दिया गया।
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर मुख्यमंत्री ने सभी जिलों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में हीटवेव और लू से प्रभावित मरीजों के इलाज की पूरी व्यवस्था होनी चाहिए। साथ ही ओआरएस, जरूरी दवाइयों, पेयजल और चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया।
मुख्यमंत्री ने उपायुक्तों को यह भी निर्देश दिया कि वे नियमित रूप से ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा करें और जमीनी स्तर पर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करें। उन्होंने कहा कि अधिकारी अपने दौरे की जानकारी मुख्यालय को भेजें और जहां जाएं वहां की स्थिति की तस्वीरें भी साझा करें।
उन्होंने यह भी कहा कि अधिकारियों को स्थानीय लोगों से सीधा संवाद करना चाहिए, ताकि उनकी समस्याओं को समझकर त्वरित समाधान किया जा सके। इससे प्रशासन की जवाबदेही और पारदर्शिता दोनों मजबूत होंगी।
सीएम ने स्पष्ट किया कि गर्मी के इस समय में प्रशासनिक सतर्कता, निरंतर निगरानी और संवेदनशीलता बेहद जरूरी है। सभी विभागों को मिलकर काम करना होगा ताकि किसी भी नागरिक को पानी, बिजली या स्वास्थ्य सेवाओं की कमी का सामना न करना पड़े।
बैठक के दौरान विभिन्न जिलों की स्थिति की समीक्षा की गई और आवश्यकतानुसार त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। सरकार ने संकेत दिया कि जनहित से जुड़ी सेवाओं में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।





