झारखंड
अफीम की खेती पर पुलिस का शिकंजा, 9 आरोपियों को संपत्ति जब्ती का नोटिस
Rajeshwari Nishad
7 Nov 2026 8:09 PM IST

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पुरुलिया। पश्चिम बंगाल के पुरुलिया जिले में अवैध पोस्ते की खेती और मादक पदार्थों के कारोबार के खिलाफ पुलिस ने अब आर्थिक मोर्चे पर भी कार्रवाई तेज कर दी है। नशे के अवैध कारोबार से जुड़े लोगों की संपत्तियों और बैंक खातों में जमा रकम की जांच शुरू की गई है। इसी कड़ी में शुक्रवार को राज्य पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) और पुरुलिया जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने बाघमुंडी थाना क्षेत्र में व्यापक अभियान चलाया। इस दौरान चार गांवों में तलाशी और निगरानी की गई। साथ ही कथित पोस्ता कारोबार से जुड़े नौ लोगों के खिलाफ संपत्ति जब्ती की प्रक्रिया शुरू करने के लिए नोटिस जारी किए गए। पुलिस ने संबंधित लोगों से बैंक खातों में जमा रकम और उससे बनाई गई संपत्तियों के वैध दस्तावेज मांगे हैं।
इस कार्रवाई को खास इसलिए माना जा रहा है, क्योंकि पुलिस अब केवल अवैध कारोबार में शामिल लोगों की गिरफ्तारी या मुकदमा दर्ज करने तक सीमित नहीं रहना चाहती। जांच एजेंसियां कथित तौर पर नशे के कारोबार से अर्जित धन और उससे बनाई गई संपत्तियों की भी पड़ताल कर रही हैं। इसका उद्देश्य अवैध कारोबार की आर्थिक जड़ें कमजोर करना है।
बाघमुंडी के चार गांवों में चला संयुक्त अभियान
शुक्रवार को झालदा के एसडीपीओ गौरव घोष की निगरानी में STF और पुरुलिया जिला पुलिस की टीम ने बाघमुंडी थाना क्षेत्र के पाटाहेंसल, रेला, कुची और सरजामाहातु गांवों में अभियान चलाया।पुलिस टीम ने इन गांवों में पहुंचकर संदिग्ध लोगों के घरों की जांच की और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों में नोटिस सौंपे।कार्रवाई के दौरान कुछ संबंधित लोग घर पर मौजूद नहीं मिले। ऐसे मामलों में उनके परिवार के सदस्यों के माध्यम से नोटिस पहुंचाए गए।
नौ लोगों की संपत्ति की होगी जांच
इस संयुक्त अभियान में कुल नौ लोगों को वित्तीय जांच से संबंधित नोटिस दिए गए। इनमें पाटाहेंसल गांव के सूरज साउ, नीरज साउ और उनकी मां कमला साउ शामिल हैं।इसके अलावा रेला गांव में फूलचंद साउ और जयचंद साउ, कुची गांव में विभीषण साउ तथा सरजामाहातु गांव में भारत साउ और यामिनी साउ को भी नोटिस दिए गए।पुलिस ने संबंधित लोगों से बैंक खातों में जमा रकम का स्रोत बताने और उस धन से खरीदी गई संपत्तियों के वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा है।यदि संबंधित व्यक्ति संपत्तियों की खरीद और उनके वित्तीय स्रोत का वैध प्रमाण नहीं दे पाते हैं, तो कानूनी प्रक्रिया के तहत संपत्ति जब्ती की कार्रवाई आगे बढ़ाई जा सकती है।
धान के कारोबार की आड़ में पोस्ता तस्करी का आरोप
पुरुलिया पुलिस की जांच में एक महत्वपूर्ण बात सामने आई है। पुलिस को संदेह है कि कुछ लोग धान के कारोबार की आड़ में कथित तौर पर पोस्ता का अवैध व्यापार कर रहे थे।बताया गया है कि इस कारोबार को वैध दिखाने के लिए GST से जुड़े दस्तावेज और ट्रेड लाइसेंस भी तैयार किए गए थे। हालांकि, जांच अधिकारियों को संबंधित बैंक खातों में जमा रकम के स्रोत को लेकर संदेह है।पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि धान के कारोबार से वास्तव में कितनी आय हुई और बैंक खातों में जमा रकम का कितना हिस्सा कथित अवैध गतिविधियों से जुड़ा हो सकता है।
ड्रोन से अयोध्या पहाड़ी क्षेत्र में निगरानी
आर्थिक जांच के साथ-साथ पुलिस ने अवैध पोस्ता की खेती की तलाश में भी अभियान चलाया।राज्य STF के अधिकारी बाघमुंडी क्षेत्र पहुंचे और ड्रोन की मदद से संवेदनशील इलाकों की निगरानी की। पुलिस ने संदिग्ध स्थानों और घरों की भी जांच की।अयोध्या पहाड़ी क्षेत्र में पिछले कुछ वर्षों से अवैध पोस्ता खेती और उससे जुड़े कारोबार को लेकर पुलिस की निगरानी रही है।
पहले भी 40 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति पर हुई थी कार्रवाई
बाघमुंडी क्षेत्र में पुलिस पहले भी नशीले पदार्थों से जुड़े मामले में संपत्ति फ्रीज करने की कार्रवाई कर चुकी है।15 अक्टूबर 2026 को एक आरोपी की करीब 41 लाख रुपये की चल-अचल संपत्ति फ्रीज करने की प्रक्रिया की गई थी। इसमें घर, जमीन, मोटरसाइकिल और बैंक में जमा रकम शामिल थी।यह कार्रवाई पोस्ता स्ट्रॉ से जुड़े NDPS मामले की जांच के दौरान की गई थी।
नशे के कारोबार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की रणनीति
पुरुलिया पुलिस ने पिछले कुछ महीनों से अवैध पोस्ता खेती के खिलाफ अभियान तेज किया है। इसमें खेतों की निगरानी, छापेमारी, ड्रोन सर्विलांस और लोगों को जागरूक करने जैसी गतिविधियां शामिल हैं।पुलिस की रणनीति अब कथित नशा कारोबारियों की आर्थिक गतिविधियों की जांच करने पर भी केंद्रित है। इसका उद्देश्य यह पता लगाना है कि अवैध कारोबार से अर्जित धन किन बैंक खातों में जमा किया गया और उससे कौन-कौन सी संपत्तियां खरीदी गईं।पुलिस अधिकारियों का मानना है कि अवैध कारोबार की आर्थिक व्यवस्था पर कार्रवाई करने से ऐसे नेटवर्क को कमजोर करने में मदद मिल सकती है।
आगे भी जारी रहेगा अभियान
बाघमुंडी थाना क्षेत्र में STF और जिला पुलिस की संयुक्त कार्रवाई के बाद अब नौ लोगों से वित्तीय दस्तावेज मिलने का इंतजार है। पुलिस उन दस्तावेजों की जांच करके आगे की कानूनी प्रक्रिया तय करेगी।दूसरी ओर, अयोध्या पहाड़ी क्षेत्र में अवैध पोस्ता खेती की संभावना को देखते हुए निगरानी भी जारी रहेगी।कुल मिलाकर, पुरुलिया पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई का दायरा बढ़ाते हुए अब आर्थिक स्रोतों की जांच पर जोर दिया है। नौ लोगों को नोटिस जारी करना और चार गांवों में संयुक्त अभियान चलाना इसी रणनीति का हिस्सा है। अब देखना होगा कि जांच में बैंक खातों और संपत्तियों से जुड़े कौन-कौन से तथ्य सामने आते हैं।
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