झारखंड

गुमला में परिजनों का विरोध प्रदर्शन

Saba Naaz
2 July 2026 7:01 PM IST
गुमला में परिजनों का विरोध प्रदर्शन
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Jharkhand: गुमला जिले के भरनो प्रखंड स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में 10वीं की छात्रा प्रियंका कुमारी की संदिग्ध मौत को लेकर बड़ा बवाल खड़ा हो गया है। छात्रा का शव बुधवार को छात्रावास के कमरे में फंदे से झूलता मिला था, जिसके बाद गुरुवार को स्कूल परिसर के बाहर परिजनों और आदिवासी संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया।

सुबह से ही मृतका के गांव बूढ़ीपाट सहित आसपास के सैकड़ों ग्रामीण, समाजसेवी और आदिवासी संगठन के लोग स्कूल गेट पर जुट गए और न्याय की मांग करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने सीबीआई या एसआईटी जांच की मांग करते हुए दोषी वार्डन पर कार्रवाई की मांग की। स्थिति बिगड़ते देख स्कूल प्रबंधन ने गेट बंद कर दिया, जिसके बाद लोग वहीं धरने पर बैठ गए। प्रदर्शन के दौरान परिजनों ने कई गंभीर सवाल उठाए। मृतका की मां ने रोते हुए कहा कि बच्ची को पिछले कई दिनों से पेट दर्द था, फिर भी स्कूल प्रबंधन ने उन्हें सूचना नहीं दी और न ही इलाज कराया गया। परिजनों ने आरोप लगाया कि घटना की जानकारी देर से दी गई और पुलिस ने बिना सही प्रक्रिया के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

स्कूल की वार्डन दिव्या स्वर्णा टोप्पो और प्रभारी वार्डन नूतन शशि टेटे से प्रदर्शनकारियों ने तीखे सवाल पूछे। वार्डन ने बताया कि वे छुट्टी पर थीं, जिस पर लोगों ने प्रबंधन की जिम्मेदारी पर सवाल खड़े कर दिए। प्रदर्शनकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल बाद में स्कूल के अंदर गया और रूममेट छात्राओं से पूछताछ की। छात्राओं ने बताया कि घटना वाले दिन प्रियंका पेट दर्द के कारण पीटी में नहीं गई थी और बाद में उसका कमरा अंदर से बंद मिला, जिसे तोड़ने पर वह फंदे से लटकी मिली।

घटना के बाद परिजनों ने स्कूल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और मिलीभगत का आरोप लगाया है। वहीं आदिवासी संगठनों ने इसे आत्महत्या मानने से इनकार करते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर डटे रहे। जिला शिक्षा पदाधिकारी, सीओ और भारी पुलिस बल ने लोगों को शांत कराने की कोशिश की। प्रशासन ने मामले की जांच के संकेत दिए हैं, जबकि लोगों का विरोध अभी भी जारी है।

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