जम्मू और कश्मीर

Jammu में सेंट पीटर्स ने गुड फ्राइडे जुलूस और प्रार्थना आयोजित की

Ratna Netam
4 April 2026 4:21 PM IST
Jammu में सेंट पीटर्स ने गुड फ्राइडे जुलूस और प्रार्थना आयोजित की
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JAMMU.जम्मू: सेंट पीटर्स कैथोलिक चर्च में शुक्रवार को गुड फ्राइडे का पवित्र अवसर बड़े श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ मनाया गया। इस अवसर पर चर्च के भक्तों ने प्रार्थना सत्र और धार्मिक जुलूस का आयोजन किया। जुलूस में शामिल लोगों ने प्रभु यीशु के बलिदान और उनके जीवन की शिक्षाओं को याद करते हुए शांति और भाईचारे का संदेश फैलाया।
चर्च के पादरी ने विशेष प्रार्थना और भजन के माध्यम से उपस्थित लोगों को धार्मिक और नैतिक मूल्यों की याद दिलाई। उन्होंने बताया कि गुड फ्राइडे का दिन त्याग, सेवा और मानवता की भावना को समर्पित है। श्रद्धालुओं ने इस अवसर पर चर्च के अंदर और आसपास के मार्गों पर जुलूस निकालकर प्रभु यीशु के क्रूस मार्ग का अनुकरण किया।
इस दौरान बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों ने भी भाग लिया। भक्तों ने मौन ध्यान, प्रार्थना और भजन गायन के माध्यम से प्रभु के प्रति अपनी आस्था और श्रद्धा प्रकट की। जुलूस के मार्ग में चर्च परिसर और आसपास के क्षेत्र में धार्मिक सजावट और बैनर लगाए गए थे, जिन पर शांति, भाईचारे और सहिष्णुता के संदेश लिखे थे।
पादरी ने अपने संदेश में कहा कि गुड फ्राइडे सिर्फ एक धार्मिक दिन नहीं है, बल्कि यह समाज में सहानुभूति, सेवा और नैतिकता फैलाने का माध्यम भी है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से अपील की कि वे अपने जीवन में प्रेम और करुणा को अपनाएं और समाज में एकता और सहयोग का वातावरण बनाएं।
इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने कहा कि गुड फ्राइडे के जुलूस और प्रार्थना सत्र से धार्मिक शिक्षा के साथ-साथ मानसिक शांति भी प्राप्त होती है। कई श्रद्धालुओं ने बताया कि यह दिन उन्हें अपने जीवन में सुधार और दूसरों की सेवा करने की प्रेरणा देता है।
जम्मू में सेंट पीटर्स कैथोलिक चर्च द्वारा आयोजित यह गुड फ्राइडे समारोह स्थानीय समुदाय में धार्मिक और सामाजिक सद्भावना को बढ़ावा देने वाला महत्वपूर्ण आयोजन साबित हुआ। यह कार्यक्रम न केवल धार्मिक आस्था को मजबूत करता है, बल्कि समाज में शांति और सहिष्णुता का संदेश भी फैलाता है।
कुल मिलाकर, सेंट पीटर्स कैथोलिक चर्च का यह आयोजन जम्मू के नागरिकों के लिए आध्यात्मिक और सामाजिक दृष्टि से प्रेरणादायक रहा। श्रद्धालुओं ने प्रार्थना और जुलूस के माध्यम से अपने जीवन में धार्मिक मूल्यों और मानवता की भावना को उजागर किया।
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