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Rajouri : आतंकवाद विरोधी ऑपरेशन के दौरान भारतीय जवान की दुर्घटना में मौत

Jammu जम्मू : राजौरी जिले में आतंकवाद विरोधी ऑपरेशन 'ऑपरेशन शेरूवाली' के दौरान रविवार को भारतीय सेना के एक जवान की दुर्भाग्यपूर्ण घटना में मौत हो गई। लेफ्टिनेंट बीरेश्वर गोस्वामी गंभीर मुगलान-डोरीमल इलाके के दूरदराज पहाड़ी क्षेत्रों में आतंकवादियों की तलाश में ऑपरेशन का हिस्सा थे, तभी वे एक ढलान पर चलते समय फिसलकर गहरी खाई में जा गिर गए।
घटना के तुरंत बाद घायल जवान को प्राथमिक इलाज के लिए तुरंत निकटतम चिकित्सा केंद्र ले जाया गया। हालांकि उनकी चोटें गंभीर थीं, और चिकित्सकों द्वारा हर संभव प्रयास के बावजूद, लेफ्टिनेंट गोस्वामी की मौत हो गई। अधिकारियों ने इस दुखद घटना की पुष्टि की और बताया कि यह पूरी तरह से एक आकस्मिक दुर्घटना थी।
'ऑपरेशन शेरूवाली' पिछले 16 दिनों से राजौरी जिले के मुगलान और डोरीमल के जंगल इलाकों में जारी है। ऑपरेशन का उद्देश्य इलाके में छिपे आतंकवादियों की पहचान करना और उन्हें नष्ट करना है। यह अभियान उन खुफिया सूचनाओं के आधार पर चलाया जा रहा था, जिनसे पता चला कि आतंकवादी समूह इस क्षेत्र में सक्रिय हैं।
सुरक्षा बलों ने बताया कि ऑपरेशन के दौरान कठिन और दुर्गम पहाड़ी इलाकों में आतंकवादियों की तलाश की जा रही थी, जो अपने आप में चुनौतीपूर्ण था। स्थानीय भूगोल और खड़ी ढलानों के कारण सैनिकों के लिए ऑपरेशन में जोखिम और भी बढ़ गया। लेफ्टिनेंट गोस्वामी और उनके साथियों ने पूरी सजगता के साथ आतंकवादियों की मौजूदगी का पता लगाने का प्रयास किया, लेकिन दुर्भाग्यवश यह दुर्घटना हुई।
दिल्ली में DU प्रोफेसर की हत्या का खुलासा, पश्चिम बंगाल का कपल गिरफ्तारमृतक जवान के परिवार को सांत्वना दी और कहा कि उनके बहादुर योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा। ऑपरेशन के दौरान जवानों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है, लेकिन पहाड़ी और कठिन इलाके में ऑपरेशन में ऐसी आकस्मिक घटनाओं का जोखिम हमेशा बना रहता है।
राजौरी जिले में सुरक्षा बल लगातार आतंकवादियों को पकड़ने और आम जनता को सुरक्षित रखने के लिए सतर्क हैं। ऑपरेशन शेरूवाली के तहत अब तक कई आतंकवादियों की गतिविधियों का पता लगाया गया है और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया गया है।
इस दुखद घटना ने सेना और स्थानीय प्रशासन के लिए सुरक्षा उपायों और जोखिम प्रबंधन के महत्व को फिर से रेखांकित किया है। ऑपरेशन के अन्य जवानों ने मिशन को जारी रखने का संकल्प लिया है, ताकि इलाके में आतंकवादियों की मौजूदगी को पूरी तरह से समाप्त किया जा सके।





