हिमाचल प्रदेश

Himachal Weather:पहाड़ों में सीजन की पहली बर्फबारी

Sarita
2 Jan 2026 12:18 PM IST
Himachal Weather:पहाड़ों में सीजन की पहली बर्फबारी
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Himachal Weather: लंबे इंतज़ार के बाद आखिरकार पहाड़ों की प्यास बुझ गई है। कुदरत ने अपनी जादुई छड़ी घुमाई और मंडी जनपद की सबसे ऊंची चोटियों—शिकारी देवी, कमरुनाग और शैटाधार—ने बर्फ की धवल चादर ओढ़ ली है। लगभग चार माह के सूखे के बाद हुई इस रहमत ने न केवल नज़ारों को जन्नत बना दिया है, बल्कि इसे 'इंद्र देव' के आशीर्वाद के रूप में देखा जा रहा है।
इस मौसमी बदलाव ने हर चेहरे पर मुस्कान बिखेर दी है। जहाँ पर्यटक इस बर्फीले सौंदर्य को निहारने के लिए उत्साहित हैं, वहीं स्थानीय देव समाज और अन्नदाता इस वर्षा-बर्फबारी को एक नए जीवन के संचार के रूप में देख रहे हैं।
सेब की पैदावार के लिए यह समय किसी वरदान से कम नहीं है। बागवानी विशेषज्ञ डॉ. एसपी भारद्वाज के अनुसार, यह बर्फबारी सेब के पेड़ों के लिए एक 'संजीवनी' का काम करेगी, जो आने वाली फसल की गुणवत्ता और स्वास्थ्य को बेहतर बनाएगी। वहीं, निचले क्षेत्रों में हो रही रिमझिम फुहारों ने गेहूं की बुवाई की राह देख रहे किसानों के चेहरों पर चमक बिखेर दी है।सफेद आफत और राहत के बीच प्रशासन ने भी कमर कस ली है। सुरक्षा के मद्देनजर कुछ कड़े कदम उठाए गए हैं:
शिकारी देवी मंदिर: यहाँ दर्शनार्थियों के लिए प्रवेश द्वार फिलहाल बंद कर दिए गए हैं। मंदिर क्षेत्र में रहने वाले व्यापारियों और अन्य लोगों को सुरक्षित निचले स्थानों पर जाने की हिदायत दी गई है।
कमरुनाग: इस पवित्र स्थल के द्वार अभी आधिकारिक तौर पर खुले हैं, लेकिन स्थिति पर नज़र रखी जा रही है।
विभागीय तैयारी: लोक निर्माण विभाग (PWD), बिजली बोर्ड और जल शक्ति विभाग ने भारी हिमपात की स्थिति से निपटने के लिए अपनी मशीनरी और स्टाफ को तैनात कर दिया है। उच्चाधिकारियों ने ज़मीनी स्तर पर मुस्तैदी बरतने के सख्त आदेश जारी किए हैं।यह पहली बर्फबारी केवल एक मौसमी घटना नहीं है, बल्कि हिमाचल की आर्थिकी और आस्था का संगम है। फिलहाल, घाटी के लोग और बागवान आसमान की ओर देख रहे हैं कि आने वाले दिनों में और अधिक बर्फबारी हो, ताकि गर्मियों में जल संकट न रहे और फसलें लहलहा उठें।
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