
जींद: माय भारत पोर्टल के माध्यम से स्वयंसेवी युवाओं ने जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के ग्रामीण द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में जल जीवन मिशन के तहत पंजीकृत उपभोक्ताओं के डाटा में सुधार, नए कनेक्शन और अन्य सहायक गतिविधियों के लिए अभियान शुरू कर दिया है। इसके तहत मंगलवार को बराह कलां सहित कई गांव में स्वयं सेवी युवा घर पहुचे और डाटा एकत्रित किया। जबकि दूसरी तरफ नरवाना के गांव सुरजा खेड़ा व जुलाना के गांव बरार खेडा में जल संरक्षण अभियान चलाकर लोगों को जागरूक किया गया।
जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग व जल एव स्वच्छता सहायक संगठन जींद के जिला सलाहकार डा. रणधीर मतआना ने बताया कि माय भारत पोर्टल के माध्यम से 30 जुलाई तक स्वयंसेवी के आवेदन मांगे गए थे। जिन्हें चार अगस्त को ट्रेनिंग देकर गांव में भेज दिया गया। उन्होंने बताया कि इस अभियान में ग्रामीण व शहरी क्षेत्र के पेयजल एवं शिविर से संबंधित डाटा में सुधार, कनेक्शन वेद करवाने की जानकारी एकत्रित करने सहित अन्य सहायक गतिविधियों करवाई जा रही हैं।
इससे पूर्व स्वयं सेवकों को एक से चार अगस्त तक जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के कार्यों पेयजल आपूर्ति योजनाओं की विभागीय प्रयोगशालाओं जल एवं स्वच्छता सहायक संगठन की गतिविधियों ग्राम जल एवं सीवरेज समितियां और स्वयं सहायता समूह से संबंधित प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इसके पश्चात पांच से 26 अगस्त 2025 तक स्वयंसेवक घर-घर जाकर पेयजल कनेक्शन में सुधार, अस्वच्छ कनेक्शन, लीकेज तथा पेयजल परीक्षण से संबंधित सर्वेक्षण का कार्य कर रहे हैं।
बराह कलां में खंड समन्वयक दिनेश मलिक के नेतृत्व में स्वयंसेवी युवाओं ने सर्वे का कार्य किया, जबकि दूसरी तरफ जुलाना के गांव बरारखेड़ा में सोमलता सैनी व नरवाना के गांव सुरजा खेड़ा में कनिष्ठ अभियंता कुशल पाल व खंड समन्वयक सुरेंद्र कुमार के नेतृत्व में गांव में गठित सर्व कलियान सेवा समिति सुरजाखेड़ा के साथ मिलकर जल संरक्षण अभियान चलाया। कनिष्ठ अभियंता कुशल पाल व खंड समन्वयक सुरेंद्र कुमार ने बताया कि इस मौके पर सर्वे के दौरान 42 घरों में टेप मिली जबकि 10 कनैक्शनों पर टेप नही थी, उन्हें नोटिस दिया गया। इस मौके पर सुपरवाइजर राजकुमार सहित विभाग व समिति के सदस्य मौजूद रहे।





