
जींद: देवोत्थान एकादशी के शुभ मुहुर्त पर रविवार को शादियों की धूम रही। जिलेभर में देवोत्थान एकादीश पर लगभग 500 से अधिक जोड़े शादी के पवित्र बंधन में बंधे तो अकेले जींद में सौ से अधिक शादियां जगह-जगह हुई। शहर की अधिकतर धर्मशालाओं में विवाह समारोह को लेकर एडवांस बुकिंग करवाई गई थी। जिसके चलते रविवार को यहां विवाह अयोजन की धूम रही। वहीं शहर में लगभग सौ से अधिक ब्यूटी पार्लर हैं। रविवार को सभी ब्यूटी पार्लरों पर सजनेे संवरने के लिए दुल्हनों व अन्य युवतियां सुबह होते ही पहुंच गई थी। इस अबुझ शुभ महुर्त को देखते हुए ब्यूटी पार्लरों को पहले ही बुक किया जा चुका था। नवंबर माह में शादियों के लिए शुभ मुहूर्त 2, 3, 7, 8, 12, 13, 22, 23, 24, 25, 26, 27, 29, 30 हैं जबकि दिसंबर माह में केवल चार मुहुर्त हैं।
देवोत्थान एकादशी के शुभ मुहुर्त पर रविवार को सुबह ही शादी की गाडिय़ों को डेकोरेट करने वाले दुकानदारों की दुकानों के आगे वाहनों की लंबी लाइन लगनी शुरू हो गई थी। बत्तख चौंक के निकट अधिकतर वाहन सजाने की दुकानें है।
हर एक दुकान के आगे कारों की लंबी लाइनें लगी थी। दुकानदारों के कारिंदे इन वाहनों को सजाने के लिए लगे थे। वहीं शादी के लिए होटल, बैंक्वेट हालों को खूबसूरती से सजाया गया। वहीं विवाह समारोह के चलते बाजार में आम दिनों की अपेक्षा कम भीड़ रही। बाजार में ज्वैलर्र्स, कपड़े, फर्नीचर एवं इलेक्ट्रोनिक्स दुकानदारों के यहां आगामी विवाह मुहुर्त को देखते हुए सामान की खरीददारी करने पहुंचे थे। वहीं बाल विवाह को रोकने के लिए भी टीमें विवाह समारोह में दस्तक देती रही। रविवार को जयंती देवी मंदिर के पंडित नवीन शास्त्री ने बताया कि देवोत्थान एकादशी के साथ ही शादियों का शुभ महुर्त शुरू हो गया है। दिसंबर माह में शादी के लिए शुभ मुहूर्त 4, 5, 6, 12 दिसंबर रहेंगे।





