Hisar: गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय में विदेशी छात्रों के लिए दाखिला खुला

हिसार; यहां का गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय अब अपने विभिन्न तकनीकी कोर्सों में विदेशी विद्यार्थियों के दाखिले भी कर सकेगा। इस संबंध में विश्वविद्यालय को अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद, नई दिल्ली (एआईसीटीई) से अनुमोदन मिल गया है। एआईसीटीई ने विश्वविद्यालय को अनुमोदन संबंधी पत्र जारी कर दिया है।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने मंगलवार काे बताया कि एआईसीटीई ने विश्वविद्यालय को शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए विभिन्न कोर्सों की अनुमति देते हुए विदेशी विद्यार्थियों, गल्फ तथा ओवरसीज सिटिजन ऑफ इंडिया (ओसीआई) विद्यार्थियों के दाखिले के लिए भी मंजूरी दे दी है।
यह विश्वविद्यालय के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि है और विश्वविद्यालय की अंतर्राष्ट्रीय पहचान को और अधिक मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने कहा है कि यह उपलब्धि विश्वविद्यालय के अंतरराष्ट्रीय स्तर के आधारभूत ढांचे, समर्पित शैक्षणिक व्यवस्था तथा उच्च स्तरीय शैक्षणिक वातावरण का प्रमाण है। इस उपलब्धि के लिए कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने विश्वविद्यालय परिवार को बधाई दी है तथा कहा है कि इससे विश्वविद्यालय की जिम्मेदारी और अधिक बढ़ी है।
कुलसचिव डा. विजय कुमार ने बताया कि विश्वविद्यालय को 32 कोर्सों के लिए अनुमोदन विस्तार मिला है। इन कोसों में अंडरग्रेजुएट, पोस्टग्रेजुएट, इंटेग्रेटिड व भारतीय भाषाएं कोर्सिज शामिल हैं। उन्होंने भी इस उपलब्धि को विश्वविद्यालय के लिए गौरवपूर्ण बताया है।
इन कोर्सों के अनुमोदन का हुआ विस्तार : विश्वविद्यालय के डीन एकेडमिक अफेयर्स प्रो. योगेश चाबा ने बताया कि अंडर ग्रेजुएट कोर्सिज में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड डेटा साइंस को 60, सिविल इंजीनियरिंग को 60, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग को 120, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड मशीन लर्निंग) को 120, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग को 60, इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग को 60, इलेक्ट्रोनिक्स एंड बायोमेडिकल इंजीनियरिंग को 30, इलेक्ट्रोनिक्स एंड कंप्यूटर इंजीनियरिंग को 60, फूड टेक्नोलॉजी को 30, इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी को 60, मैकेनिकल इंजीनियरिंग को 60, पैकेजिंग टेक्नोलॉजी को 30 व प्रिंटिंग टेक्नोलॉजी को 60 सीटों की क्षमता के साथ अनुमोदन मिला है। इसके अतिरिक्त कामकाजी पेशेवरों के लिए अंडर ग्रेजुएट कोर्सिज में कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग व मैकेनिकल इंजीनियरिंग तथा पोस्ट ग्रेजुएट कोर्सिज एमबीए को 30-30 सीटों के साथ अनुमोदन विस्तार किया गया है। इंटेग्रेटिड कोर्सों में मास्टर ऑफ कंप्यूटर एप्लीकेशंस को 120 तथा बीबीए-एमबीए कोर्स को 180 सीटों की क्षमता के लिए अनुमोदन मिला है।
भारतीय भाषाओं कोर्सिज में अंडरग्रेजुएट इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग, इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी कोर्स 30-30 सीटों के साथ शामिल हैं।
विश्वविद्यालय के डीन एकेडमिक अफेयर्स प्रो. योगेश चाबा ने बताया कि पोस्टग्रेजुएट कोर्सिज में एमबीए कोर्स को 270 सीटों की क्षमता के साथ विस्तार को अनुमोदन मिला है। पोस्ट ग्रेजुएट कोर्सिज मैकेनिकल इंजीनियरिंग को 20, कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग को 30, मास्टर इन कंप्यूटर एप्लीकेशंस को 60, इलेक्ट्रोनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग को 20, प्रिंटिंग टेक्नोलॉजी को 20, इनवायर्नमेंटल साइंस एंड इंजीनियरिंग को 20, जियो-इंफोर्मेटिक्स को 30 तथा फूड टेक्नोलॉजी कोर्स को 20 सीटों के साथ अनुमोदन विस्तार किया गया है।





