गुरुग्राम: साइबर अपराध शाखा ने साइबर ठगी के गिरोह का पर्दाफोश करते हुए नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी लोगों की अश्लील वीडियो बनाकर साइबर ठगी के लिए ब्लैकमेल करते थे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अलग-अलग पांच केस दर्ज किए हैं। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से 27 फर्जी सिम कार्ड, 12 मोबाइल फोन, दो एटीएम कार्ड, पांच डेबिट कार्ड, एक आधार कार्ड, एक पेन कार्ड, दो मोटरसाइकिल और अन्य सामान बरामद किया हैं।
उप-पुलिस अधीक्षक मुख्यालय नूंह हरिंदर कुमार ने शनिवार को बताया कि पहले मामले में ब्लैकमेलिंग करने वाले आसिफ निवासी नहेदा पर आरोप है कि वह लोगों को वॉट्सऐप के जरिए वीडियो कॉल करता था। अपने जाल में फंसाकर अश्लील वीडियो बनाता था। बाद में वीडियो को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर पैसों की वसूली करता था। आसिफ से एक मोबाइल और दो फर्जी सिम कार्ड बरामद हुए हैं।
डीएसपी ने बताया कि दूसरे मामले में सचिन, साहिल गहलोत, अमित और साहिल को गिरफ्तार किया गया है। इन पर आरोप है कि वे बड़ी मात्रा में फर्जी सिम कार्ड और एटीएम कार्ड अपने पास रखकर साइबर फ्रॉड को अंजाम देते थे। इसी प्रकार तीसरे मामले में आरिफ और दिलशाद पर आरोप है कि उन्होंने अपनी पहचान छुपाकर फर्जी मोबाइल नंबर और वॉट्सऐप अकाउंट बनाकर लोगों को मदद के बहाने ठगा और नकली सिम कार्ड अपने कब्जे में रखे।
सस्ते दाम पर खिलौने बेचने का झांसा देकर करते थे ठगी: चौथे मामले में आरोपी सरफराज पर आरोप है कि उसने मोबाइल फोन और इंटरनेट का इस्तेमाल कर लोगों को खिलौने सस्ते दाम पर बेचने का झांसा दिया और एडवांस पेमेंट लेकर रकम हड़प ली। पांचवें मामले में आरोपी गंगालाल पर आरोप है कि उसने फर्जी सिम और एटीएम कार्ड अपने कब्जे में रखे, जिनका इस्तेमाल साइबर ठगी के लिए किया जाता था। पुलिस के अनुसार, इन मामलों में बरामद सभी सिम, एटीएम कार्ड और दस्तावेजों की जांच की जा रही है। आरोपी आसिफ को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया गया है ताकि इनके नेटवर्क के बाकी सदस्यों और पैसों के लेन-देन की पूरी जानकारी मिल सके व बाकी आरोपियों को अदालत में पेश कर जेल भेजा गया।





