हरियाणा

Chandigarh: हरियाणा सरकार की बड़ी पहल, 26 आयुर्वेदिक औषधालयों का होगा निर्माण

Admindelhi1
4 Jun 2026 10:30 AM IST
Chandigarh: हरियाणा सरकार की बड़ी पहल, 26 आयुर्वेदिक औषधालयों का होगा निर्माण
x
हरियाणा में आयुर्वेदिक चिकित्सा नेटवर्क होगा और मजबूत, 26 नए केंद्र

चंडीगढ़: हरियाणा सरकार राज्य के छह जिलों में लगभग 15.70 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से 26 नए सरकारी आयुर्वेदिक औषधालय का निर्माण करेगी। इस पहल का उद्देश्य आयुष स्वास्थ्य सेवा बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक स्वास्थ्य सेवाओं तक लोगों की पहुंच में सुधार करना है।

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा आयुष विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने बुधवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि ये औषधालय यमुनानगर में 10, महेंद्रगढ़ में 6, रेवाड़ी में 5, कुरुक्षेत्र में 3, करनाल में 1 और गुरुग्राम में 1 बनाए जाएंगे। अनावर्ती नागरिक कार्य श्रेणी के तहत इस परियोजना की कुल लागत 1,570.22 लाख रुपये (15.70 करोड़ रुपये) अनुमानित है।

डॉ.सुमिता मिश्रा ने बताया कि इन 26 सरकारी आयुर्वेदिक औषधालयों के निर्माण के लिए लागत अनुमान हरियाणा के विकास एवं पंचायत विभाग से प्राप्त हो चुके हैं। यमुनानगर जिले में भांगेरा, ताजेवाला, खुर्दबन, तलकौर, महियुद्दीनपुर, दारपुर, ढाकवाला, दादुपुर हेड, दमोली और लेड़ा खादर गांवों में 10 औषधालय बनाए जाएंगे, जिनमें से प्रत्येक औषधालय की अनुमानित लागत 59.17 लाख रुपये है। कुरुक्षेत्र जिले में अजराना कलां में 59.15 लाख रुपये, कलसा में 59.74 लाख रुपये और मोहरी में 59.15 लाख रुपये की लागत से औषधालय स्थापित किए जाएंगे, जबकि करनाल जिले के फफड़ाना गांव में 59.17 लाख रुपये की लागत से एक औषधालय का निर्माण किया जाएगा।

रेवाड़ी जिले में रोहराई, झाबुआ, जयसिंहपुर खेड़ा और करावरा मानकपुर गांवों में 59.17 लाख रुपये प्रति औषधालय की लागत से चार, तथा लीसान गांव में 59.00 लाख रुपये की लागत से एक औषधालय बनाया जाएगा। महेंद्रगढ़ जिले में गुढ़ा, बावनिया, रसूलपुर, बुचावास, सुरजनवास और रामबास गांवों में छह औषधालय बनाए जाएंगे, जिनमें से प्रत्येक औषधालय की निर्माण लागत 64.50 लाख रुपये अनुमानित है। गुरुग्राम जिले में सहजावास गांव में 58.63 लाख रुपये की अनुमानित लागत से एक औषधालय स्थापित किया जाएगा।

डॉ.मिश्रा ने कहा कि ये नए औषधालय विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में आयुर्वेदिक स्वास्थ्य सेवाओं के दायरे का विस्तार करेंगे और हरियाणा के आयुष बुनियादी ढांचे को और मजबूत करेंगे। इस परियोजना को संबंधित एजेंसियों के समन्वय से पंचायती राज विभाग के माध्यम से पूरा किया जाएगा।

Next Story