IPS ने जब सुनाया फिल्मी गाना, पेशेवर गायक की उपाधि देने से नहीं चुके पर्यटक

जगदलपुर। जगदलपुर के शांत और खूबसूरत दलपत सागर में उस शाम कुछ अलग ही माहौल था. रोजाना की तरह ओपन स्टेज कार्यक्रम चल रहा था, जहां कोई भी घूमने आया शख्स अपनी कला साझा कर सकता है. लेकिन इस बार मंच पर उतरे व्यक्ति ने लोगों को चौंका दिया, क्योंकि वह कोई कलाकार नहीं, बल्कि वर्दी में सेवा देने वाले बस्तर जिले के SP शलभ सिन्हा थे.
परिवार संग सैर के दौरान SP शलभ सिन्हा मंच पर पहुँचे और बिना किसी औपचारिकता के माइक थामकर ‘रिमझिम गिरे सावन’ गाना शुरू किया, तो पूरा माहौल सुकून भरी धुनों में भीग गया. अचानक घूमते पर्यटक रुक गए, बच्चे चुप हो गए और हर कोई उस आवाज़ को सुनने लगा जो किसी पेशेवर गायक से कम नहीं थी. लोगों ने मोबाइल निकाल लिए, वीडियो बनने लगे और कुछ ही मिनटों में यह पल सोशल मीडिया पर छा गया. आम लोगों के बीच उनके इस सहज और सरल रूप ने दर्शकों को अपनी ओर खींच लिया इसलिए नहीं कि वे जिले के SP थे, बल्कि इसलिए क्योंकि उस पल वे बस्तर की जनता के बीच एक दोस्त, एक कलाकार की तरह खड़े थे.
ओपन स्टेज का विचार ही यही है कि हर व्यक्ति अपनी कला बेझिझक सामने रख सके. और SP शलभ सिन्हा ने इसे साबित भी कर दिया. 2014 बैच के IPS अधिकारी शलभ सिन्हा जशपुर के मूल निवासी, और इंजीनियरिंग की नौकरी छोड़ UPSC की राह चुनने वाले प्रेरक युवा. कांकेर और सुकमा जैसे संवेदनशील नक्सल प्रभावित जिलों में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद अब लगभग डेढ़ साल से बस्तर जिले की कमान संभाल रहे हैं.





