छत्तीसगढ़

रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग में कार्यरत प्रशिक्षण अधिकारियों को मिली बड़ी राहत

Nil dhankar
9 May 2025 1:44 PM IST
रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग में कार्यरत प्रशिक्षण अधिकारियों को मिली बड़ी राहत
x

रायपुर। रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग में कार्यरत प्रशिक्षण अधिकारियों को बड़ी राहत मिली है, दरअसल यह मामला रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग का है जहा वर्ष 2013 में नियुक्त हुए 507 निर्दोष प्रशिक्षण अधिकारियों को इनकी भर्ती के समय आरक्षण रोस्टर का पालन न किये जाने का हवाला देते हुए सेवा से निकालने के लिए 21.03.2025 को 5 पन्ने का आरोप पत्र जारी कर दिया था लेकिन न्याय की दरबार में न्याय मिलता है इस बात का परिणाम यह है कि जब इन प्रशिक्षण अधिकारियों ने अपनी नौकरी बचाने के लिए माननीय उच्च न्यायालय की शरण ली जहाँ जज नरेश कुमार चंद्रवंशी ने 09.05.2025 को इस मामले की सुनवाई करते हुए इस आरोप पत्र में स्टे प्रदान किया है।

प्राप्त जानकारी अनुसार पूर्व में वर्ष 2021 को भी इसी विभाग के 50 प्रशिक्षण अधिकारियों को इसी विषय में सेवा से निकालने संबंधी कारण बताओ नोटिस जारी किया था जिसकी पैरवी करते हुए अधिवक्ता फैज़ल अख्तर ने माननीय उच्च न्यायालय के एकल पीठ एवं युगल पीठ में इन प्रशिक्षण अधिकारियों के पक्ष में फैसला दिलवाया था जिसे शासन ने सुप्रीम कोर्ट में अपील किया था जिस पर भी फैसला इन 50 प्रशिक्षण अधिकारियों के पक्ष में ही रहा किंतु फिर से भर्ती के समय आरक्षण रोस्टर का पालन न किये जाने का हवाला देकर जारी इस आरोप पत्र के विरुद्ध पैरवी करते हुए अधिवक्ता फैज़ल अख्तर ,जीतेन्द्र पाली,एच.ए.पी.एस. भाटिया ने स्टे करवा लिया है।

जिससे इन 507 प्रशिक्षण अधिकारियों को फ़िलहाल बड़ी राहत मिली है । स्टे देते हुए जज साहब ने संचालक,रोजगार एवं प्रशिक्षण विभाग से व्यक्तिगत एफिडेविट प्रस्तुत करते हुए जारी आरोप पत्र के सन्दर्भ मे जवाब मंगा है साथ ही यह भी स्पष्ट करने के लिए कहा है कि नियुक्ति के समय जवाबदेही अधिकारियों पर क्या कार्यवाही की गयी है।

Next Story
null