
दुर्ग। पद्मनाभपुर निवासी रियल स्टेट एवं इंजीनियरिंग फेब्रिकेशन व्यवसाय से जुड़े प्रतिष्ठित जोशी परिवार ने अपने परिवार की मुखिया श्रीमती सुधा जोशी के निधन के पश्चात उनके पार्थिव शरीर को देहदान की प्रक्रीया पूर्ण कर श्री शंकराचार्य हॉस्पिटल को सौंपा।
सुधा जोशी के पुत्र सुधीर जोशी,सुबोध जोशी,पुत्र वधू वर्धा जोशी,चारुता जोशी एवं पुत्री. साधना अशोक पतकी की सहमति से देहदान की प्रक्रीया सम्पन्न हुई। नवदृष्टि फाउंडेशन के प्रवीण तिवारी,विनोद जैन,कुलवंत भाटिया,रितेश जैन,हरमन दुलई,प्रभुदयाल उजाला,राजेश पारख ,जितेंद्र हासवानी ने देहदान प्रक्रीया में सहयोग किया। श्री शंकराचार्य मेडिकल कॉलेज की एनाटॉमी विभाग की प्रमुख अंजलि वंजारी के निर्देश पर दीपक रवानी, दयाराम ने देहदान प्रक्रीया पूर्ण की।
सुबोध जोशी ने कहा माँ के जाने से पुरे परिवार सदमे में है किन्तु हमारे परिवार ने इस कठिन परिस्थिति में माँ के देहदान का निर्णय लिया इस निर्णय से पुरे परिवार को संतुष्टि है कि माँ का जीवन सार्थक हुआ। सुधीर जोशी हमारी माँ ने जीवन भर लोगों की मदद की और अब जाते जाते भी समाज का भला कर गई, अब माँ की देह से मेडिकल के छात्रों को रिसर्च में सहयोग मिलेगा और बेहतर इलाज की संभावनाएं बढ़ेंगी।
विनोद जैन ने जानकारी दी कि जोशी परिवार सुधा जोशी के नेत्रदान एवं त्वचा दान भी करना चाहता था लेकिन तकनिकी कारणों से संभव नहीं हो सका और जोशी परिवार शहर का प्रतिष्ठित परिवार है उनके देहदान से समाज में देहदान के प्रति जागरूकता बढ़ेगी एवं भविष्य में इसका लाभ समाज को होगा। प्रवीण तिवारी ने कहा जोशी परिवार से हमारे पारिवारिक संबंध हैं जिस प्रकार हमने अपने पिता प्रह्लाद तिवारी के नेत्रदान किए थे और अब सुबोध जोशी ने अपनी माताजी के देहदान किए अब हमारे सभी मित्र नेत्रदान ,देहदान को अपने परिवार की परम्परा बना रहे हैं ताकि समाज को इसका लाभ मिल सके।





