छत्तीसगढ़
पुनर्वासित माओवादियों ने वर्चुअल रियालिटी में देखी सुनीता विलियम्स की प्रेरणादायी कहानी
Shantanu Roy
10 Dec 2025 11:27 PM IST

x
छग
Bijapur. बीजापुर। अंतरिक्ष में सफर करती भारतीय मूल की सुनीता विलियम्स और उनके अंतरिक्ष में सबसे ज्यादा स्पेस वॉक करने और धरती से कई किलोमीटर दूर स्पेस स्टेशन में उनके जीवन को वर्चुअल रियालिटी (व्हीआर सेट) के माध्यम से महसूस करते पुनर्वासित युवा। यह नजारा बीजापुर के सेंट्रल लाइब्रेरी में आज देखने को मिला। जब पुनर्वास केंद्र के नवसाक्षर पुनर्वासित युवाओं को सेंट्रल लाइब्रेरी भ्रमण के लिए लाया गया। सभी ने जिज्ञासा से वहां की व्हीआर सेट से सुनीता विलियम्स की नासा से लेकर अंतरिक्ष यात्री बनने की प्रेरणादायी कहानी को सुना और उससे प्रेरणा ली। इस अवसर पर युवाओं को टेलिस्कोप के द्वारा अंतरिक्ष को दिखाया गया। तारे और ग्रहों का अवलोकन कराते हुए उन्हें विज्ञान की नई दुनिया से परिचित कराया गया। इसके साथ ही नवसाक्षरों के लिए बनाई गई आधारभूत शिक्षा की एकलव्य पुस्तक को भी सभी को पढ़ाया गया। उन्हें माइंड पजल वाले खेल खिलाये गए। सभी ने लाइब्रेरी की पुस्तकों का खूब आनंद लिया। कई लोगों ने तो पहली बार इतनी सारी किताबें एक साथ देखी थी उन्हें दुनिया को किताबों के सहारे जानने की आकांक्षा हुई। यहाँ उन्हें पुस्तक पढ़ने की आदत, विश्व ज्ञान की ओर प्रवृत्ति, मानचित्र अध्ययन एवं अंतरिक्ष विज्ञान से संबंधित रोचक जानकारियाँ दी गईं। कार्यक्रम के दौरान उप पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार साहू तथा पुनर्वास केंद्र बीजापुर के संचालक गौरव पांडे भी उपस्थित रहे और उन्होंने प्रतिभागियों से संवाद भी किया।
छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति एक ऐसा दस्तावेज है जो ना सिर्फ माओवाद की विचारधारा में भटके युवाओं को मुख्यधारा में लाने का कार्य कर रही है बल्कि उनमें आत्मविश्वास जगा कर उन्हें समाज में शामिल करने में मदद भी करती है। उनके मानसिक, सामाजिक और बौद्धिक विकास पर भी समान रूप से ध्यान केंद्रित कर नए जीवन में मजबूती से स्थापित करने में सहायता करती है। जिससे पुनर्वासित युवा अब मुख्यधारा में शामिल होकर हथियार नहीं, बल्कि उन्नत भविष्य, शिक्षा और रोजगार की ओर कदम बढ़ा रहे हैं। बीजापुर में युवाओं के पुनर्वास एवं कौशल उन्नयन कार्यक्रम के लिए तीन पुनर्वास केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। जहां लाइवलीहुड कॉलेज में उन्हें दोपहिया वाहन, इलेक्ट्रिक वाहन मरम्मत, सोलर लाइट मरम्मत का प्रशिक्षण दिया जा रहा है वहीं आरसेटी के माध्यम से राज मिस्त्री और कृषि तथा पुनर्वास केंद्र में को जीसीबी एवं ट्रैक्टर चालन, सिलाई, बागवानी, पशुपालन सहित विभिन्न तकनीकी और स्वरोजगार आधारित प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। यह प्रयास उन्हें स्वावलंबी, सामाजिक रूप से सम्मानित एवं आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो रहा है। अब तक 150 लोगों को प्रशिक्षण प्रदान कर मुख्यधारा में जोड़ा गया है वहीं वर्तमान में 152 लोगों का प्रशिक्षण जारी है। यह बीजापुर के सकारात्मक परिवर्तन के संदेश है कभी हथियार लेकर जंगलों में भटकने वाले युवा अब ज्ञान, कौशल की ओर आगे बढ़ रहे हैं। जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग का प्रयास है कि हर पुनर्वासित व्यक्ति खुशहाल, सुरक्षित एवं सम्मानित जीवन जी सके। यह कार्यक्रम बीजापुर में शांति, विकास और विश्वास को नई दिशा दे रहा है। समाज के हर वर्ग से अपील है कि मुख्यधारा में लौटकर जीवन बदलने वालों को प्रोत्साहन और सहयोग प्रदान करें।
Tagsछत्तीसगढ़ न्यूज हिंदीछत्तीसगढ़ न्यूजछत्तीसगढ़ की खबरछत्तीसगढ़ लेटेस्ट न्यूजछत्तीसगढ़ न्यूज अपडेटछत्तीसगढ़ हिंदी न्यूज टुडेछत्तीसगढ़ हिंदीन्यूज हिंदी न्यूज छत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ हिंदी खबरछत्तीसगढ़ समाचार लाइवChhattisgarh News HindiChhattisgarh NewsChhattisgarh Ki KhabarChhattisgarh Latest NewsChhattisgarh News UpdateChhattisgarh Hindi News TodayChhattisgarh HindiNews Hindi News ChhattisgarhChhattisgarh Hindi NewsChhattisgarh News Liveजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारहिंन्दी समाचारजनताJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperjantasamachar newssamacharHindi news
Next Story





