छत्तीसगढ़

शराब पीकर स्कूल पहुंचे व्यायाम शिक्षक उत्तम सिंह निलंबित

Shantanu Roy
10 Dec 2025 11:18 PM IST
शराब पीकर स्कूल पहुंचे व्यायाम शिक्षक उत्तम सिंह निलंबित
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Gaurela-Pendra-Marwahi. गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जोगीसार में व्यायाम शिक्षक उत्तम सिंह को शराब पीकर स्कूल पहुँचने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई तब की गई जब प्रधानाचार्य द्वारा कई बार चेतावनी देने के बावजूद उनके व्यवहार में कोई सुधार नहीं देखा गया। स्कूल प्रशासन ने यह बताया कि उत्तम सिंह का यह कृत्य न केवल शैक्षिक अनुशासन के खिलाफ है, बल्कि विद्यार्थियों के सामने अनुचित उदाहरण पेश करता है। शिक्षकों के प्रति ऐसे कृत्यों को गंभीरता से लिया जाता है, क्योंकि इससे स्कूल का शैक्षणिक वातावरण प्रभावित होता है।
निलंबन आदेश संयुक्त संचालक, शिक्षा संभाग बिलासपुर द्वारा जारी किया गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के तहत की गई है। निलंबन की अवधि के दौरान उत्तम सिंह का मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, गौरेला के कार्यालय में अटैच किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्राप्त होगा। मामले को और अधिक गंभीर बनाने वाला पहलू यह है कि सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें उत्तम सिंह खुद शराब पार्टी में शामिल होने की बात स्वीकार करते दिख रहे हैं। वीडियो में उनकी यह पुष्टि शिक्षा विभाग के लिए ठोस सबूत साबित हुई, जिससे निलंबन की कार्रवाई अनिवार्य हो गई।
इस घटना के बाद जिले में स्कूलों में शिक्षक अनुशासन के विषय में चेतना बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है। शिक्षा विभाग ने भी कहा कि इस प्रकार के व्यवहार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और किसी भी शिक्षक के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी यदि वह विद्यार्थियों और स्कूल की गरिमा को प्रभावित करता है। उत्तम सिंह के निलंबन की खबर से स्थानीय समाज में भी चर्चा हो रही है। अभिभावकों ने इस कदम को स्वागत योग्य बताया और कहा कि विद्यार्थियों को अनुशासन और नैतिकता का पालन करना सिखाना शिक्षक की जिम्मेदारी है। यह मामला इस बात को भी रेखांकित करता है कि शिक्षा के क्षेत्र में अनुशासनहीनता और अनुचित व्यवहार को गंभीरता से लेना चाहिए। शिक्षा विभाग ने आगे कहा कि भविष्य में ऐसे मामलों की रोकथाम के लिए नियमित निगरानी और शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रमों को बढ़ाया जाएगा।
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