नक्सली कमांडर बलदेव और ज्योति को सरेंडर करने की सलाह, फालतू क्यों मरना लौट आओ

गरियाबंद। गरियाबंद में आत्मसमर्पित नक्सलियों जानसी और जैनी ने नक्सली कमांडर बलदेव और ज्योति सहित बाकी नक्सलियों को आत्मसमर्पण के लिए पत्र लिखा है। पत्र जंगल में जगह जगह फेंके गए है जिसमें उन्होंने लिखा, अब “फालतू क्यों मरना, जंगल का कठिन जीवन छोड़ो, हमारी तरह मुख्यधारा में लौट आओ।”
आत्मसमर्पण पर इनाम और सुविधाओं के बारे में बताया गया है। पत्र में उड़ीसा के नक्सलियों के मुठभेड़ में मारे जाने और सोनू-रुपेश जैसे बड़े नक्सलियों के समर्पण का जिक्र करते हुए कहा गया है कि अभी जीवन बचाने का समय है। इसलिए समर्पण करना चाहिए। उदंति क्षेत्र के जंगलों में जगह-जगह यह पत्र फेके गए हैं पेड़ों पर चश्पा किए गए हैं अब इसका क्या परिणाम सामने आता है यह आने वाले दिनों में पता लग पाएगा।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने ऐलान किया है कि, 31 मार्च 2026 तक छत्तीसगढ़ से नक्सलवाद का खात्मा हो जाएगा। गृहमंत्री शाह के इस ऐलान के बाद से ही सुरक्षाबलों और अन्य जवान सक्रीय हो गए हैं और नक्सलियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। जवानों ने अब तक कई बड़े नक्सलियों को मौत की नींद सुला दिया है। सुरक्षाबलों की कार्रवाई के बीच कई बड़े नक्सली लीडर्स ने सरेंडर भी किया है।





