
विधायक पुरंदर मिश्रा , जिला प्रशासन व निगम के साथ चर्चा अधूरी
रायपुर। पंडऱी कपड़ा मार्केट में बिना किसी सक्षम अनुमति के रोड साइड दुकान का शटर खोलने पर निगम ने 3 जून को 18 दुकानों को सील कर दी थी, जिस पर अब राजनीति शुरू हो गई है। व्यापारियों और उत्तर विधायक पुरंदर मिश्रा ने अधिकारियों की बैठक बुलाई । इस बैठक में यह तय हुआ कि यदि सडक़ की ओर दुकान खोलने की सक्षम अनुमति संबंधी दस्तावेज है तो कारोबारी उसे प्रस्तुत करें। महापौर मीनल चौबे ने साफ कहा है कि दस्तावेज प्रस्तुत करने पर ही ताला खोला जाएगा उसके बिना संभव नहीं है। इसके लिए निगम मुख्यालय में आयुक्त की उपस्थिति में कारोबारियों की बैठक हुई लेकिन आयुक्त उपस्थित नहीं हो पाए। इधर पंडरी कपड़ा मार्केट के 22 दुकानदारों ने रोड साइड शटर खोलने संबंधी नियिमतीकरण के दस्तावेज जो-2 कमिश्नर आरके डोंगरे को सौंप दिए । इसके चलते बुधवार को पूरे दिन निगम ने जो दुकानें मंगलवार को सील की थी, वे नहीं खुल पाए. सौंपे गए दस्तावेजों के संबंध में डोंगरे ने कहा कि 5 जून को निगम आयुक्त और नगर निवेश अधिकारियों के समक्ष दस्तावेजों की जांच पड़ताल होगी। उसके बाद ही सील खुलेगी या नहीं इस पर निर्णय लिया जाएगा।
खबर है कि पकड़ा मार्कोट की रोड साइड 21 दुकानों में से 18 को निगम ने मंगलवार को सील कर दिया था, इनमें से तीन दुकानों में से एक मीरा साड़ी को बंटवारानामा के चलते अलग-अलग शटर वाली दुकान की अनुमति निगम ने दी थी। जोन कमिश्नर डोगरे ने कहाकि इसके बाद एक अन्य दुकान में केवल ग्लास लगाया गया था। इसमे शटर नहीं होने के कारण इसे सील नहीं किया गया. इसी के चलते 18 दुकानें जिनमें शटर लगे हुए थे और रोड साइड खरीदारी के लिए ग्राहकों का आना जाना था इसलिए सील किया गया।
आदेश पर असमंजस्य
कपड़ा मार्केट में रोड साइड दुकान खोलने के लिए नियिमतीकरण का जो दस्तावेज कारोबारियों ने निगम को सौंपा है, उस पर असमंजस्य का स्थिति बनी हुई है। यहां नगर निवेश विभाग के अधिकारियों ने बताया कि नियिमतीकरण उसी शर्त पर होता है जब बिल्डिंग के लिए स्वीकृत नक्शे के विपरीत और अधिक निर्माण हुआ था उसके लिए आवेदक कलेक्टर की अध्यक्षता वाली कमिटी के पास आवेदन देता है। कपड़ा मार्केट मामले में एैसा कुछ भी नहीं हुआ है।
व्यापारी अगर दुकानों का वैध कागज दिखाते हैं तो ही दुकानें खुलेगी, जनता की सुविधा से संमझौता नहीं किया जाएगा। किसी व्यापारी या आम जनता के साथ अन्याय नहीं होगा।
मीनल चौबे
महापौर, नगर निगम रायपुर





