
रायपुर। छत्तीसगढ़ शराब घोटाला मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल की जमानत याचिका पर रायपुर EOW स्पेशल कोर्ट में सुनवाई चल रही है। इसके अलावा कोल लेवी घोटाला मामले में अरेस्ट जयचंद कोसले की जमानत याचिका पर सुनवाई जारी हैं।
बचाव पक्ष के वकील फैजल रिजवी ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए बताया कि ईडी को 3 महीने और ईओडब्ल्यू को 2 महीने के भीतर जांच पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। चैतन्य की अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने पर अभियोजन पक्ष ने सुप्रीम कोर्ट को आश्वासन दिया कि 3 महीने में जांच पूरी कर ली जाएगी।
जमानत आवेदन में कहा गया है कि शराब घोटाले में आरोपी बनाए गए लक्ष्मीनारायण उर्फ पप्पू बंसल के बयान के आधार पर ही चैतन्य को आरोपी बनाया गया, जबकि वह फरार घोषित है। बचाव पक्ष का कहना है कि बिना किसी पुख्ता साक्ष्य के एक आरोपी के बयान के आधार पर अपराध नहीं बनता।
अन्य तथ्य और प्रक्रिया
इस प्रकरण में 29 लोगों को बिना गिरफ्तारी चालान पेश किया गया है और 10 लोगों को जमानत पर रिहा किया जा चुका है। विशेष न्यायाधीश दोनों पक्षों के तर्क सुनने के बाद जमानत पर अपना फैसला सुनाएंगे।





