छत्तीसगढ़

CM साय आज देंगे शहरी विकास को नई दिशा, विशेषज्ञ करेंगे मंथन

Shantanu Roy
21 Oct 2026 12:29 AM IST
CM साय आज देंगे शहरी विकास को नई दिशा, विशेषज्ञ करेंगे मंथन
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Raipur. रायपुर। छत्तीसगढ़ के शहरों को आधुनिक, सुव्यवस्थित और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार महत्वपूर्ण पहल करने जा रही है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बुधवार, 21 अक्टूबर को सुबह 10 बजे नवा रायपुर में अर्बन चैलेंज फंड (UCF) एवं अर्बन इन्फ्रास्ट्रक्चर फाइनेंसिंग पर आयोजित एक दिवसीय क्षेत्रीय क्षमता निर्माण कार्यशाला का शुभारंभ करेंगे। इस कार्यशाला में देशभर के शहरी विकास, वित्तीय प्रबंधन और अधोसंरचना क्षेत्र के नीति-निर्माता तथा विशेषज्ञ शामिल होंगे। कार्यक्रम में नगरीय निकायों की वित्तीय क्षमता बढ़ाने, निजी निवेश आकर्षित करने और आधुनिक शहरी परियोजनाओं को गति देने पर विशेष चर्चा होगी।

मुख्यमंत्री की मौजूदगी में होंगे दो महत्वपूर्ण समझौते
कार्यशाला के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा हुडको और सेप्ट यूनिवर्सिटी के साथ दो महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। इन समझौतों का उद्देश्य नगरीय निकायों की संस्थागत और वित्तीय क्षमता को मजबूत करना है। इसके माध्यम से आधुनिक शहरी नियोजन, अधोसंरचना विकास और निवेश आधारित परियोजनाओं को बढ़ावा देने की दिशा में सहयोग किया जाएगा।

केंद्रीय मंत्री तोखन साहू और डिप्टी CM अरुण साव होंगे शामिल
राज्य शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग और हुडको के संयुक्त तत्वावधान में कार्यशाला नवा रायपुर स्थित होटल मेफेयर लेक रिसॉर्ट में आयोजित होगी। कार्यक्रम में केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य राज्य मंत्री तोखन साहू और उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। हुडको के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक संजय कुलश्रेष्ठ मुख्य वक्तव्य देंगे। वहीं प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा प्रदेश में शहरी विकास की प्राथमिकताओं पर जानकारी देंगे।


तीन तकनीकी सत्रों में होगा मंथन
कार्यशाला में दोपहर 12 बजे से तीन तकनीकी सत्र आयोजित किए जाएंगे। पहले सत्र में हुडको के महाप्रबंधक डॉ. विवेक अर्बन चैलेंज फंड और अर्बन इन्वेस्ट विंडो की कार्यप्रणाली पर प्रस्तुति देंगे। तेलंगाना शासन की सचिव डॉ. टी.के. श्रीदेवी अपने राज्य में शहरी परिवर्तन से जुड़े अनुभव साझा करेंगी। इन चर्चाओं से नगरीय निकायों को सफल शहरी विकास मॉडल समझने का अवसर मिलेगा।

निजी निवेश और पीपीपी मॉडल पर विशेष जोर
दोपहर दो बजे आयोजित दूसरे तकनीकी सत्र में शहरी विशेषज्ञ आस्था जैन परियोजनाओं की योजना और विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार करने की प्रक्रिया समझाएंगी। सिटीज फोरम के प्रकाश गौर निवेश योग्य शहरी परियोजनाओं, किफायती आवास और सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर चर्चा करेंगे। विश्व बैंक के रघु केसवन नगर निकायों के वित्तीय प्रबंधन और राजस्व के बेहतर उपयोग के तरीकों की जानकारी देंगे।

म्युनिसिपल बॉन्ड से जुटाए जाएंगे वित्तीय संसाधन
शाम 4:15 बजे तीसरे तकनीकी सत्र में टिपसन्स के उमेश खंडेलवाल म्युनिसिपल बॉन्ड के माध्यम से शहरों के विकास के लिए वित्तीय संसाधन जुटाने की संभावनाओं पर चर्चा करेंगे। हुडको के क्षेत्रीय प्रमुख हितेश बोरड शहरी अधोसंरचना और किफायती आवास परियोजनाओं के लिए उपलब्ध वित्तीय सुविधाओं की जानकारी देंगे। शाम 5:20 बजे पैनल चर्चा और प्रश्नोत्तरी सत्र भी आयोजित होगा।

छत्तीसगढ़ के शहरों को मिलेगा लाभ
कार्यशाला का प्रमुख उद्देश्य नगरीय निकायों को आर्थिक रूप से सक्षम बनाना और विकास परियोजनाओं के लिए नए वित्तीय विकल्प उपलब्ध कराना है। इसके माध्यम से शहरों में सड़क, आवास, नागरिक सुविधाओं और अन्य आधुनिक अधोसंरचना परियोजनाओं के विकास को गति मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार की यह पहल नगरीय निकायों को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप परियोजनाएं तैयार करने और दीर्घकालिक वित्तीय प्रबंधन मजबूत करने में मददगार साबित हो सकती है।
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