छत्तीसगढ़

बाधिन रागिनी की मौत, पीड़ित थी हड्डियों की बीमारी से

Nilmani Pal
16 Dec 2025 12:52 PM IST
बाधिन रागिनी की मौत, पीड़ित थी हड्डियों की बीमारी से
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बिलासपुर। कानन पेंडारी जूलॉजिकल पार्क की 22 साल की बाधिन रागिनी ने दम तोड़ दिया है. रागिनी वर्ष 2018 में रायपुर के नंदन वन जंगल सफारी से एक्सचेंज के तहत कानन पेंडारी लाई गई थी. रागिनी को असम के काजीरंगा नेशनल पार्क से रेस्क्यू किया गया था.

वह उम्रदराज हो चुकी थी और पिछले सात वर्षों से पार्क के अस्पताल परिसर के केज में रखी गई थी. जू प्रशासन के अनुसार, जब रागिनी को 11 अगस्त 2018 को नंदन वन जंगल सफारी, रायपुर से कानन पेंडारी लाया गया था, तब जांच में सामने आया कि उसके के-नाइन दांत नहीं थे.

इसी कारण वह कच्चा मटन नहीं खा पाती थी, और उसे रोजाना 5 से 6 किलो बारीक कीमा बनाकर दिया जाता था. पशु चिकित्सकों की सतत निगरानी और विशेष देखभाल के चलते रागिनी सात साल तक जीवित रही. वह ऑस्टियोपोरोसिस नामक बीमारी से भी पीड़ित थी, जिसमें हड्डियों की संरचना प्रभावित हो जाती है. मृत्यु के बाद जिला स्तर की पशु चिकित्सक समिति ने पोस्टमार्टम किया. इस दौरान जू प्रशासन और नेचर क्लब बिलासपुर के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे.

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