छत्तीसगढ़

डीडी नगर में युवक ने तलवार से काटा केक, देखें VIDEO...

Shantanu Roy
2 Jan 2026 8:31 PM IST
डीडी नगर में युवक ने तलवार से काटा केक, देखें VIDEO...
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छग
Raipur. रायपुर। राजधानी रायपुर में छोटे-छोटे अपराध और असामाजिक गतिविधियों के मामले रोजाना सामने आ रहे हैं। वहीं, कई युवा अपराधी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अपने खतरनाक और हिंसक वीडियो पोस्ट कर लोकप्रियता हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसा ही एक मामला हाल ही में डीडी नगर थाना क्षेत्र से सामने आया है, जिसमें एक युवक द्वारा तलवार और चाकू के साथ केक काटने और डांस करने का वीडियो वायरल किया गया है।


घटना का विवरण
मामला डीडी नगर के निवासी राहुल टंडन से जुड़ा है। उसने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो पोस्ट किया, जिसमें वह तलवार और चाकू के साथ केक काटते हुए डांस कर रहा है। वीडियो में दिखाई गई यह हरकत न केवल खतरनाक थी, बल्कि शहर में युवाओं और आम नागरिकों के लिए सुरक्षा की चिंता भी बढ़ा रही है। स्थानीय नागरिकों और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं का कहना है कि इस तरह के वीडियो युवाओं में हिंसक प्रवृत्ति को बढ़ावा देते हैं। वीडियो में दिखाए गए हथियार और असामाजिक गतिविधियां कानून और व्यवस्था के लिए चुनौती बन सकती हैं। कई लोग इसे सामाजिक रूप से अनुचित और खतरनाक करार दे रहे हैं।

पुलिस की प्रतिक्रिया
अब तक डीडी नगर पुलिस की तरफ से इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। हालांकि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के आधार पर मामले की निगरानी और जांच करने की आवश्यकता है। पुलिस को यह सुनिश्चित करना होगा कि ऐसी गतिविधियों के कारण किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना या हिंसा न फैल पाए। सोशल मीडिया पर ऐसे खतरनाक वीडियो साझा करना कानून का उल्लंघन हो सकता है। इसके तहत भारतीय दंड संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धाराओं के तहत कार्रवाई की जा सकती है। इस तरह के मामले पुलिस और समाज दोनों के लिए चेतावनी और निवारक उपायों का विषय बन सकते हैं।

राज्य में हाल ही में कई ऐसे वीडियो सामने आए हैं, जिनमें युवक हथियारों और हिंसक गतिविधियों के साथ मनोरंजन कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह युवाओं में हिंसा और खतरनाक आचरण को सामान्य बनाने का खतरा पैदा करता है। माता-पिता और समाज को युवाओं के सोशल मीडिया उपयोग पर निगरानी रखनी चाहिए। स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन से आग्रह किया है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि शहर में असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर नियंत्रण रखा जाए। इसके साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को भी जिम्मेदार ठहराया जा सकता है कि वे हिंसक सामग्री को रोकने में सहयोग करें।
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