
Bihar: प्रशांत किशोर पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट से उपचुनाव लड़ेंगे। वह इस सीट पर बीजेपी को सीधी चुनौती देंगे। इस बात का आधिकारिक ऐलान जन सुराज पार्टी के नेता मनोज भारती ने रविवार को पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर किया। इससे पहले शनिवार शाम को प्रशांत किशोर ने इस मुद्दे पर मंथन किया था, जिसमें कई पत्रकार भी मौजूद रहे थे। बांकीपुर सीट पहले बीजेपी नेता नितिन नवीन के पास थी, जिन्होंने राज्यसभा सदस्य बनने के बाद विधानसभा सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था, जिसके कारण यह सीट खाली हुई। नितिन नवीन लंबे समय से इस सीट से विधायक रहे हैं और हाल के विधानसभा चुनाव में उन्होंने बड़े अंतर से जीत हासिल की थी।
अब इस सीट पर 30 जुलाई को मतदान होगा और 3 अगस्त को परिणाम घोषित किए जाएंगे। प्रशांत किशोर के चुनाव मैदान में उतरने से यह मुकाबला और अधिक दिलचस्प हो गया है, क्योंकि बांकीपुर को बीजेपी का मजबूत गढ़ माना जाता है। प्रशांत किशोर ने पहले ही संकेत दिए थे कि यदि उनकी पार्टी जन सुराज उन्हें उम्मीदवार बनाती है, तो वह चुनाव लड़ने से पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने यह भी कहा था कि यदि उनके मैदान में उतरने से बीजेपी का मजबूत किला टूट सकता है, तो वह इस चुनौती को स्वीकार करेंगे। उनके अनुसार बांकीपुर सीट पिछले चार से पांच दशकों से बीजेपी का मजबूत आधार रही है।
प्रशांत किशोर ने यह भी कहा था कि यह उपचुनाव बिहार की नई एनडीए सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व की पहली बड़ी परीक्षा होगा। वहीं बीजेपी की ओर से अभी तक उम्मीदवार की घोषणा नहीं की गई है, जिससे राजनीतिक हलचल और बढ़ गई है। पिछले चुनाव में बीजेपी के नितिन नवीन को 98299 वोट मिले थे। आरजेडी की रेखा कुमारी दूसरे स्थान पर रही थीं, जबकि जन सुराज की वंदना कुमारी को 7717 वोट मिले थे। अन्य उम्मीदवारों और नोटा को भी वोट मिले थे।
नितिन नवीन 2006 से लगातार इस सीट पर जीत दर्ज करते आ रहे हैं और 2025 तक वे लगातार विधायक रहे हैं। ऐसे में प्रशांत किशोर की एंट्री से बांकीपुर की यह लड़ाई राज्य की सबसे चर्चित राजनीतिक लड़ाइयों में शामिल हो गई है।





