बिहार

Lakhisarai: बाल विवाह मुक्त भारत अभियान अंतर्गत जागरूकता सह शपथ कार्यक्रम आयोजित

Gulabi Jagat
29 Dec 2025 11:29 PM IST
Lakhisarai: बाल विवाह मुक्त भारत अभियान अंतर्गत जागरूकता सह शपथ कार्यक्रम आयोजित
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Lakhisarai, लखीसराय। महिला एवं बाल विकास निगम तथा जिला विधिक प्राधिकार के संयुक्त तत्वाधान में 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जागरूकता सह शपथ कार्यक्रम का आयोजन कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, पहाड़पुर, बड़हिया में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महिला एवं बाल विकास निगम, लखीसराय के जिला परियोजना प्रबंधक डॉ. मनोज कुमार सिन्हा द्वारा की गई। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं एवं समाज में बाल विवाह के दुष्परिणामों के प्रति जागरूकता फैलाना तथा इसे समाप्त करने हेतु सामूहिक संकल्प को मजबूत करना था।
कार्यक्रम की शुरुआत संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन के साथ की गई, जिसमें जिला मिशन समन्वयक प्रशांत कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता विनोद कुमार, जिला परियोजना प्रबंधक डॉ. मनोज कुमार सिन्हा, अधिकार मित्र अजय कुमार यादव तथा वार्डन सह शिक्षिका सुधा कुमारी शामिल रहीं। इसके उपरांत विद्यालय की छात्राओं द्वारा स्वागत गीत प्रस्तुत कर अतिथियों का अभिनंदन किया गया।
कार्यक्रम का संचालन कर रहे हब के जिला मिशन समन्वयक प्रशांत कुमार ने उपस्थित सभी अतिथियों का परिचय कराते हुए बाल विवाह मुक्त भारत अभियान की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह अभियान समाज के प्रत्येक वर्ग की सहभागिता से ही सफल हो सकता है और इसके लिए जागरूकता, सतर्कता एवं कानूनी जानकारी अत्यंत आवश्यक है।
अपने अध्यक्षीय संबोधन में जिला परियोजना प्रबंधक डॉ. मनोज कुमार सिन्हा ने कहा कि बाल विवाह बच्चों के मौलिक अधिकारों का गंभीर उल्लंघन है। इससे बच्चों, विशेषकर बालिकाओं, को शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से गहरा नुकसान पहुंचता है। बाल विवाह के कारण शिक्षा बाधित होती है तथा हिंसा, यौन शोषण और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर जोखिम बढ़ जाते हैं। उन्होंने कहा कि कम उम्र में गर्भावस्था एवं प्रसव के दौरान जटिलताओं के कारण कई बार नाबालिग बालिकाओं की मृत्यु तक हो जाती है। इसलिए समाज को बाल विवाह के विरुद्ध एकजुट होकर इसका बहिष्कार करना चाहिए।
सामाजिक कार्यकर्ता श्री विनोद कुमार ने अपने वक्तव्य में कहा कि बाल विवाह समाज की जड़ों में गहराई तक फैली एक कुरीति है, जो लैंगिक असमानता का ज्वलंत उदाहरण है। उन्होंने बताया कि बाल विवाह का नकारात्मक प्रभाव न केवल बच्चों और परिवारों पर पड़ता है, बल्कि यह देश की अर्थव्यवस्था को भी कमजोर करता है और पीढ़ी दर पीढ़ी गरीबी को बढ़ावा देता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि बाल विवाह करना या कराना कानूनन अपराध है, जिसके लिए एक लाख रुपये तक का जुर्माना एवं दो वर्ष तक का कारावास हो सकता है।
अधिकार मित्र अजय कुमार यादव ने कानूनी सहायता से संबंधित जानकारी देते हुए बताया कि असहाय एवं जरूरतमंद व्यक्ति टॉल फ्री नंबर 15100 पर संपर्क कर सकते हैं तथा बाल अधिकारों से संबंधित शिकायतों के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 उपलब्ध है।
कार्यक्रम में वार्डन सह शिक्षिका सुधा कुमारी ने माहवारी स्वच्छता प्रबंधन (MHM) पर विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने छात्राओं को स्वच्छता, स्वास्थ्य एवं आत्मविश्वास से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं से अवगत कराया। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया।
इस अवसर पर दर्जनों छात्र-छात्राएं उपस्थित रहीं। अंत में बाल विवाह रोकथाम हेतु सभी उपस्थित लोगों को सामूहिक रूप से शपथ दिलाई गई तथा छात्राओं के बीच माहवारी स्वच्छता प्रबंधन किट्स का वितरण किया गया। एमएचएम किट्स प्राप्त कर सभी छात्राएं अत्यंत प्रसन्न दिखाई दीं।
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