
पटना: भीषण गर्मी और उमस की मार झेल रहे बिहार के लोगों के लिए मौसम विभाग ने बड़ी राहत की खबर दी है। राज्य में अगले तीन से चार दिनों के भीतर मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र (IMD) के अनुसार, 27 जून के बाद से मानसून की गतिविधियां पूरे बिहार में बेहद सक्रिय हो जाएंगी, जिससे अधिकांश जिलों में झमाझम बारिश का दौर शुरू होगा। इस मानसूनी बारिश के कारण राज्य के अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे लोगों को चिपचिपी गर्मी से पूरी तरह निजात मिल जाएगी। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से आ रही लगातार नमी और मानसूनी ट्रफ के मजबूत होने के कारण पूरे सूबे में बारिश का दायरा तेजी से बढ़ रहा है।
शुक्रवार को 13 जिलों में 'ऑरेंज अलर्ट', कई इलाकों में बरसे बदरा
मौसम विभाग ने शुक्रवार को विशेष तौर पर सतर्कता बरतने की सलाह देते हुए राज्य के 13 जिलों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया है। इन इलाकों में गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश, 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज आंधी और आकाशीय बिजली (वज्रपात) गिरने की गंभीर चेतावनी दी गई है। मौसम के बदले मिजाज का असर शुक्रवार सुबह से ही सूबे में देखने को मिला, जब राजधानी पटना, सीतामढ़ी, समस्तीपुर, सीवान, गोपालगंज, बगहा और भागलपुर के कई हिस्सों में झमाझम बारिश दर्ज की गई। सुबह की इस बारिश ने तापमान को नीचे गिरा दिया है और मौसम सुहाना हो गया है।
जानिए अगले 4 दिनों का पूरा वेदर रिपोर्ट (27 जून से 30 जून)
27 जून (शनिवार): शनिवार को मानसून की सक्रियता और बढ़ेगी। विभाग ने राज्य के 12 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि शेष सभी जिलों को येलो अलर्ट पर रखा गया है। हालांकि, रोहतास, भोजपुर और बक्सर जैसे दक्षिण-पश्चिमी जिलों में स्थानीय कारणों से गर्मी का थोड़ा असर बना रह सकता है, लेकिन बाकी हिस्सों में बारिश की पूरी संभावना है।
28 जून (रविवार): यह दिन पूरे बिहार के लिए बेहद अहम रहने वाला है क्योंकि इस दिन मानसून अपने चरम पर होगा। मौसम विभाग ने राज्य के 38 में से 26 जिलों के लिए भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, वहीं बचे हुए 12 जिलों में येलो अलर्ट रहेगा। अधिकांश जिलों में मध्यम से भारी दर्जे की बारिश होगी। इस दौरान तेज हवाएं चलने और बिजली कड़कने की अत्यधिक आशंका है।
29 जून (सोमवार): सोमवार को राजधानी पटना समेत पूरे बिहार में मौसम विभाग की ओर से येलो अलर्ट जारी किया गया है। उत्तर बिहार के कई जिलों में इस दिन भी तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा, जिससे निचले इलाकों में पानी भरने की स्थिति बन सकती है।
30 जून (मंगलवार): जून के आखिरी दिन सीमांचल और उत्तर बिहार के जिलों में भारी तबाही वाली बारिश हो सकती है। विशेषकर अररिया, किशनगंज और सुपौल में भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान जताया गया है। वहीं, राजधानी पटना और इसके आसपास के इलाकों में हल्की से मध्यम बौछारें पड़ने के आसार हैं।
वज्रपात को लेकर प्रशासन सख्त, IMD ने जारी की गाइडलाइन
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मानसून यद्यपि बिहार के लगभग सभी हिस्सों में प्रवेश कर चुका है, लेकिन वर्तमान में इसकी सक्रियता सभी जिलों में एक समान नहीं थी। अब मानसूनी सिस्टम पूरी तरह सेट हो चुका है, जिससे जून के अंतिम सप्ताह और जुलाई की शुरुआत में बिहार के अधिकांश हिस्सों में रिकॉर्ड तोड़ बारिश देखने को मिल सकती है। पिछले कई दिनों से पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार होने के कारण लोग बेहाल थे, लेकिन अब राहत तय है। खराब मौसम और भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग और मौसम विभाग ने आम जनता से विशेष अपील की है। लोगों से कहा गया है कि वे आकाशीय बिजली (वज्रपात) से बचने के लिए खराब मौसम के दौरान खुले मैदानों, खेतों या पेड़ों के नीचे शरण न लें। किसान भाइयों को भी सलाह दी गई है कि वे वज्रपात की चेतावनी के दौरान खेतों में जाने से बचें और पक्के मकानों या सुरक्षित स्थानों पर ही रहें।





