
गया। रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन नारकोस’ के तहत गया जंक्शन पर बड़ी कार्रवाई की है। रविवार रात भुवनेश्वर-नई दिल्ली तेजस राजधानी एक्सप्रेस से 15.822 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। जब्त मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत 7 लाख 91 हजार 100 रुपये बताई गई है। मामले में एक महिला यात्री को गिरफ्तार किया गया है। महिला से पूछताछ कर गांजा तस्करी के पूरे नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
आरपीएफ के अनुसार, गया जंक्शन और उसके आसपास के रेलवे क्षेत्र में आपराधिक गतिविधियों पर नजर रखने के लिए नियमित निगरानी अभियान चलाया जा रहा था। आरपीएफ पोस्ट गया के प्रभारी निरीक्षक बनारसी यादव और अपराध आसूचना शाखा गया के दिशा-निर्देश पर सुरक्षा बलों की अलग-अलग टीमें स्टेशन परिसर, प्लेटफॉर्म और ट्रेनों की जांच कर रही थीं। इसी दौरान सुरक्षा अधिकारियों को एक मुखबिर से मादक पदार्थ की तस्करी से जुड़ी सूचना मिली।
प्लेटफॉर्म नंबर एक पर बिछाया गया जाल
सूचना में बताया गया था कि ट्रेन संख्या 22811 अप भुवनेश्वर-नई दिल्ली तेजस राजधानी एक्सप्रेस में यात्रा कर रही एक महिला के पास बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ मौजूद है। ट्रेन के गया जंक्शन के प्लेटफॉर्म संख्या एक पर पहुंचने से पहले ही आरपीएफ और संबंधित सुरक्षा एजेंसियों की टीम सतर्क हो गई। संदिग्ध महिला की पहचान और गिरफ्तारी के लिए प्लेटफॉर्म पर निगरानी बढ़ा दी गई।
ट्रेन के स्टेशन पहुंचने के बाद सुरक्षा बलों ने मुखबिर से मिली जानकारी के आधार पर संदिग्ध महिला यात्री की तलाश शुरू की। महिला के सामान की नियमानुसार तलाशी लेने पर उसमें संदिग्ध पैकेट मिले। अधिकारियों ने जब पैकेटों की जांच की तो उनके भीतर गांजा होने की बात सामने आई। इसके बाद महिला को हिरासत में लेकर सामान को जब्त कर लिया गया।
जब्त सामग्री का वजन कराया गया तो गांजे की कुल मात्रा 15.822 किलोग्राम पाई गई। आरपीएफ की ओर से इसकी अनुमानित कीमत 7,91,100 रुपये आंकी गई है। बरामदगी और गिरफ्तारी से संबंधित सभी जरूरी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद मामले में संबंधित विभाग को सूचना दी गई।
तस्करी के स्रोत और गंतव्य की जांच
सुरक्षा एजेंसियां अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि गांजे की खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस स्थान पर पहुंचाया जाना था। महिला यात्री अकेले काम कर रही थी या उसके साथ अन्य लोग भी जुड़े हुए हैं, इसकी भी जांच की जा रही है। उसके यात्रा विवरण, संपर्कों और सामान से मिले संभावित सुरागों का परीक्षण किया जा सकता है।
अधिकारियों के लिए यह जानना भी महत्वपूर्ण है कि मादक पदार्थ की खेप ट्रेन में किस स्टेशन से चढ़ाई गई और अंतिम गंतव्य पर इसे किस व्यक्ति को सौंपा जाना था। जांच एजेंसियां इस संभावना को भी ध्यान में रख रही हैं कि आरोपी महिला का इस्तेमाल किसी बड़े तस्करी नेटवर्क ने गांजे की खेप पहुंचाने के लिए किया हो। हालांकि, नेटवर्क से जुड़ी किसी अन्य गिरफ्तारी या व्यक्ति की भूमिका के संबंध में तत्काल आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
महिला के खिलाफ मादक पदार्थों से संबंधित प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। मामले में उसकी भूमिका और जब्त सामग्री के स्रोत की पुष्टि विस्तृत पूछताछ तथा जांच के बाद ही हो सकेगी। आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के तहत किया जाएगा।
ट्रेनों के जरिए तस्करी रोकना बड़ी चुनौती
लंबी दूरी की ट्रेनों के माध्यम से मादक पदार्थों की तस्करी रोकना रेलवे सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है। तस्कर आम यात्रियों की तरह सफर करते हुए बैग, सूटकेस और अन्य सामान में प्रतिबंधित सामग्री छिपाकर एक राज्य से दूसरे राज्य तक पहुंचाने का प्रयास करते हैं। कई बार जांच से बचने के लिए महिलाओं या पहली नजर में सामान्य दिखने वाले यात्रियों का भी इस्तेमाल किए जाने की आशंका रहती है।
ऐसे मामलों को देखते हुए आरपीएफ की ओर से स्टेशनों पर संदिग्ध गतिविधियों की निगरानी, ट्रेनों की आकस्मिक जांच और खुफिया सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई की जाती है। ऑपरेशन नारकोस भी रेलवे नेटवर्क के जरिए होने वाली मादक पदार्थों की तस्करी पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है। अभियान के तहत आरपीएफ अन्य प्रवर्तन और सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय बनाकर कार्रवाई करती है।
यात्रियों से सतर्क रहने की अपील
सुरक्षा अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि वे किसी अनजान व्यक्ति का बैग, पैकेट या सामान लेकर यात्रा न करें। मामूली रकम अथवा किसी लालच में दूसरे व्यक्ति का सामान एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाना गंभीर कानूनी परेशानी का कारण बन सकता है। ट्रेन या स्टेशन पर कोई संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर इसकी सूचना रेलवे सुरक्षा बल या अन्य अधिकृत हेल्पलाइन को दी जानी चाहिए।
गया जंक्शन पर हुई इस बरामदगी को सुरक्षा एजेंसियां महत्वपूर्ण सफलता मान रही हैं। समय रहते मिली खुफिया सूचना और सुरक्षा बलों की सतर्कता के कारण गांजे की बड़ी खेप अपने संभावित गंतव्य तक पहुंचने से पहले जब्त कर ली गई। फिलहाल गिरफ्तार महिला से पूछताछ जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा कि बरामद गांजा कहां से आया था और इसके पीछे कितने लोगों का नेटवर्क सक्रिय है।





