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Raksha Bandhan 2025: रक्षाबंधन पर जानें कब रहेगा अशुभ समय

Sarita
3 Aug 2025 10:07 AM IST
Raksha Bandhan 2025: रक्षाबंधन पर जानें कब रहेगा अशुभ समय
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Raksha Bandhan 2025: भाई-बहन के प्रेम का प्रतीक रक्षा बंधन हर साल सावन की पूर्णिमा को पड़ता है। इस दिन बहन अपने भाई को राखी बांधकर उसके सुखी जीवन की कामना करती है। फिर भाई अपनी बहन को उपहार देता है और जीवन भर उसकी रक्षा करने का वचन देता है। इस साल रक्षा बंधन 9 अगस्त को मनाया जाएगा। जिस तरह विवाह और गृहप्रवेश आदि के लिए शुभ मुहूर्त देखा जाता है, उसी तरह राखी बांधने के लिए भी शुभ मुहूर्त देखना ज़रूरी है। धार्मिक मान्यता है कि अगर कोई भी काम शुभ मुहूर्त में किया जाए तो उसका परिणाम सकारात्मक होता है। वहीं, अशुभ मुहूर्त में किया गया काम नकारात्मक परिणाम दे सकता है।
हिंदू पंचांग में कुछ अशुभ मुहूर्त बताए गए हैं, जिनमें शुभ कार्य करने से बचना चाहिए। वे अशुभ मुहूर्त हैं - राहुकाल, दुर्मुहूर्त, गुलिक काल, यमगंड आदि। इन मुहूर्तों में राखी नहीं बांधनी चाहिए, क्योंकि ये समय अशुभ माने जाते हैं। आइए जानते हैं 9 अगस्त को कब-कब रहेंगे अशुभ मुहूर्त।
रक्षाबंधन 2025 अशुभ मुहूर्त:
गुलिक काल:
पंचांग के अनुसार, गुलिक काल शनि ग्रह से संबंधित है और इसका प्रभाव मिश्रित होता है, अर्थात न तो पूर्णतः शुभ और न ही पूर्णतः अशुभ। 9 अगस्त को गुलिक काल सुबह 5:47 बजे से 7:27 बजे तक रहेगा।
राहुकाल:
पंचांग के अनुसार, राहुकाल का समय अत्यंत अशुभ माना जाता है और इस दौरान कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए। 9 अगस्त को राहुकाल सुबह 9:07 बजे से 10:47 बजे तक रहेगा।
दुरमुहूर्त:
पंचांग के अनुसार, दुर्मुहूर्त दिन में दो बार आता है, पहला सुबह 5:47 बजे से 6:40 बजे तक और दूसरा सुबह 6:40 बजे से 7:34 बजे तक। यह समय बाधाओं और असफलता का कारण माना जाता है, इसलिए इस दौरान भी राखी न बाँधें।
यमगण्ड काल:
यमगण्ड काल भी राहु काल की तरह नकारात्मक प्रभाव डालता है और इसे मृत्यु का समय कहा जाता है। पंचांग के अनुसार, यमगण्ड काल 9 अगस्त को दोपहर 2:06 बजे से 3:46 बजे तक रहेगा।
पंचांग के अनुसार, आदल योग शुभ और अशुभ दोनों प्रकार के फल देता है। यह योग चंद्रमा से संबंधित एक विशेष योग है, जो व्यक्ति के मानसिक, वैवाहिक और निर्णय लेने की क्षमता को प्रभावित करता है। यह योग 9 अगस्त को दोपहर 2:23 बजे से अगले दिन 10 अगस्त को सुबह 5:48 बजे तक रहेगा।
वर्ज्य काल:
वर्ज्य काल को भी पंचांग में अशुभ समय बताया गया है। 9 अगस्त को शाम 6:18 बजे से 7:52 बजे तक वर्ज्य काल रहेगा। इस दौरान विवाह, यात्रा, पूजा आदि शुभ कार्य वर्ज्य काल में नहीं करने चाहिए।
बाण काल:
पंचांग के अनुसार, बाण काल किसी भी शुभ कार्य के लिए अशुभ होता है और इस दौरान गृह प्रवेश, विवाह, नया व्यवसाय आरंभ या कोई भी बड़ा निर्णय लेने से बचना चाहिए।
2025 में राखी बाँधने का शुभ मुहूर्त क्या है?
रक्षा बंधन पर राखी बाँधने का शुभ मुहूर्त 9 अगस्त को सुबह 5:47 बजे से दोपहर 1:24 बजे तक रहेगा। राखी बाँधने के लिए कुल 7 घंटे 37 मिनट का समय उपलब्ध रहेगा।
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