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राजघराने से बॉलीवुड तक, अदिति राव हैदरी का अनोखा सफर
Rajeshwari Nishad
27 Oct 2026 6:16 PM IST

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एंटरटेनमेंट। भारतीय सिनेमा की खूबसूरत और प्रतिभाशाली अभिनेत्रियों में शुमार अदिति राव हैदरी अपनी शानदार अदाकारी, शास्त्रीय नृत्य और शाही पारिवारिक पृष्ठभूमि के लिए जानी जाती हैं। 28 अक्टूबर को अपना जन्मदिन मनाने वाली अदिति का जन्म हैदराबाद में हुआ था। उनका संबंध एक नहीं, बल्कि दो प्रतिष्ठित शाही परिवारों से रहा है। उनके परिवार का इतिहास हैदराबाद रियासत और तेलंगाना के वनापार्थी राजघराने से जुड़ा हुआ है। हालांकि, इतनी प्रतिष्ठित पारिवारिक पृष्ठभूमि होने के बावजूद अदिति ने अभिनय की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाने का फैसला किया। उन्होंने हिंदी, तमिल, तेलुगु और मलयालम फिल्मों में काम करके अपनी प्रतिभा का परिचय दिया है। 'पद्मावत', 'रॉकस्टार', 'वजीर' और वेब सीरीज 'हीरामंडी' जैसे प्रोजेक्ट्स में उनके अभिनय को दर्शकों ने खूब पसंद किया है।
हैदराबाद के दो शाही परिवारों से जुड़ी हैं अदिति
अदिति राव हैदरी का जन्म 28 अक्टूबर को हैदराबाद में हुआ था। कई मनोरंजन वेबसाइटों पर उनका जन्म वर्ष 1986 दर्ज है, हालांकि कुछ अन्य स्रोतों में अलग जन्म वर्ष बताया गया है।उनके पिता का नाम एहसान हैदरी और मां का नाम विद्या राव है। पिता का परिवार हैदराबाद के प्रतिष्ठित हैदरी परिवार से संबंध रखता था, जबकि मां का परिवार वनापार्थी राजघराने से जुड़ा है।अदिति के पिता की ओर से उनके परदादा सर अकबर हैदरी हैदराबाद रियासत के प्रधानमंत्री रह चुके थे। वहीं सर मुहम्मद सालेह अकबर हैदरी, जो असम के राज्यपाल रहे, उनके परिवार के सदस्य थे।मां की ओर से उनका संबंध वनापार्थी के पूर्व राजा जे. रामेश्वर राव से है।इस प्रकार अदिति का पारिवारिक इतिहास राजनीति, प्रशासन, कला और राजसी परंपराओं से जुड़ा रहा है।
दो साल की उम्र में अलग हो गए थे माता-पिता
अदिति राव हैदरी का बचपन कई बदलावों के बीच बीता। जब वह महज दो साल की थीं, तब उनके माता-पिता अलग हो गए थे।इसके बाद उनकी मां विद्या राव उन्हें लेकर दिल्ली आ गईं। अदिति की परवरिश मुख्य रूप से उनकी मां ने की।एक पुराने इंटरव्यू में अभिनेत्री ने बताया था कि उनके माता-पिता ने प्रेम विवाह किया था, लेकिन बाद में दोनों ने अलग रहने का फैसला किया।उन्होंने अपने पिता के साथ संबंधों को लेकर भी खुलकर बात की थी। अदिति के अनुसार, बचपन में माता-पिता का अलग होना उनके जीवन का महत्वपूर्ण अनुभव रहा।हालांकि, उन्होंने हमेशा अपने माता-पिता और उनकी पारिवारिक विरासत के प्रति सम्मान बनाए रखा।
मां विद्या राव से मिला संगीत और कला का संस्कार
अदिति की मां विद्या राव हिंदुस्तानी शास्त्रीय संगीत की प्रसिद्ध गायिका हैं। वह विशेष रूप से ठुमरी और दादरा गायन के लिए जानी जाती हैं।घर में संगीत का माहौल होने के कारण अदिति बचपन से ही भारतीय कला और संस्कृति के संपर्क में रहीं।उन्होंने एक इंटरव्यू में बताया था कि उनके घर में अक्सर तानपुरे की आवाज सुनाई देती थी।संगीत और नृत्य के इसी माहौल ने अदिति की कलात्मक रुचि को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।अदिति केवल अभिनय ही नहीं, बल्कि भरतनाट्यम की प्रशिक्षित नृत्यांगना भी हैं।उन्होंने प्रसिद्ध नृत्यांगना लीला सैमसन से शास्त्रीय नृत्य की शिक्षा प्राप्त की।
पांच साल की उम्र से शुरू किया भरतनाट्यम सीखना
अदिति राव हैदरी ने बचपन से ही नृत्य में रुचि दिखानी शुरू कर दी थी।उन्होंने लगभग पांच से छह साल की उम्र में भरतनाट्यम सीखना शुरू किया था।शास्त्रीय नृत्य की शिक्षा ने उनके अभिनय करियर को भी प्रभावित किया।उनके चेहरे के भाव, हाथों की मुद्राएं और नृत्य प्रस्तुतियां भारतीय शास्त्रीय कला की उनकी समझ को दर्शाती हैं।अदिति कई मंचों पर यह बता चुकी हैं कि नृत्य उनके जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है।आज भी वह संगीत और नृत्य को मानसिक सुकून तथा रचनात्मक अभिव्यक्ति का माध्यम मानती हैं।
मलयालम फिल्म से की अभिनय करियर की शुरुआत
अदिति राव हैदरी ने अभिनय की दुनिया में अपनी शुरुआत दक्षिण भारतीय सिनेमा से की थी।साल 2006 में रिलीज हुई मलयालम फिल्म 'प्रजापति' से उन्होंने फिल्मी करियर शुरू किया। इस फिल्म में उनके साथ प्रसिद्ध अभिनेता ममूटी नजर आए थे।इसके बाद उन्होंने तमिल फिल्म 'श्रृंगारम' में भी अभिनय किया।हिंदी सिनेमा में उन्हें वर्ष 2009 में रिलीज हुई फिल्म 'दिल्ली-6' से पहचान मिलनी शुरू हुई।इसके बाद वर्ष 2011 में आई फिल्म 'ये साली जिंदगी' में उनके अभिनय को सराहना मिली।इस फिल्म ने उनके करियर को नई दिशा दी और उन्हें हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में बेहतर अवसर मिलने लगे।
'रॉकस्टार' और 'पद्मावत' से बढ़ी लोकप्रियता
अदिति राव हैदरी ने अपने फिल्मी करियर में कई यादगार भूमिकाएं निभाई हैं।साल 2011 में रिलीज हुई रणबीर कपूर अभिनीत फिल्म 'रॉकस्टार' में भी वह नजर आई थीं।इसके बाद उन्होंने 'लंदन पेरिस न्यूयॉर्क', 'मर्डर 3', 'वजीर' और 'भूमि' जैसी फिल्मों में काम किया।संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावत' में उन्होंने मेहरुन्निसा का किरदार निभाया था।इस फिल्म में उनके अभिनय, पारंपरिक वेशभूषा और स्क्रीन प्रेजेंस को काफी पसंद किया गया।इसके अलावा मणिरत्नम की तमिल फिल्म 'कात्रु वेलियिदाई' और तेलुगु फिल्म 'सम्मोहनम' में भी उन्होंने अपनी अभिनय क्षमता दिखाई।
'हीरामंडी' में बिब्बोजान बनकर जीता दर्शकों का दिल
अदिति राव हैदरी को वेब सीरीज 'हीरामंडी: द डायमंड बाजार' से भी बड़ी लोकप्रियता मिली।संजय लीला भंसाली के निर्देशन में बनी इस सीरीज में उन्होंने बिब्बोजान का किरदार निभाया।विशेष रूप से उनके नृत्य और अभिनय की सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हुई।
सीरीज के गीत 'सैयां हटो जाओ' में उनकी गजगामिनी चाल काफी लोकप्रिय हुई।इस प्रस्तुति के जरिए अदिति ने एक बार फिर साबित किया कि शास्त्रीय नृत्य की उनकी शिक्षा अभिनय में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।उनके इस किरदार को दर्शकों और आलोचकों से सराहना मिली।
अभिनेता सिद्धार्थ से रचाई शादी
अदिति राव हैदरी की निजी जिंदगी भी चर्चा में रही है।उन्होंने अभिनेता सिद्धार्थ के साथ वर्ष 2024 में विवाह किया था।दोनों की शादी तेलंगाना के वनापार्थी स्थित एक ऐतिहासिक मंदिर में हुई थी।इस विवाह समारोह में पारंपरिक दक्षिण भारतीय रीति-रिवाजों का पालन किया गया।अदिति और सिद्धार्थ ने अपनी शादी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा की थीं, जिन्हें प्रशंसकों ने खूब पसंद किया।दोनों कलाकारों ने अपने रिश्ते को लंबे समय तक निजी रखा था।
शाही विरासत के बावजूद बनाई अलग पहचान
अदिति राव हैदरी की कहानी इस बात का उदाहरण है कि प्रतिष्ठित पारिवारिक विरासत होने के बावजूद व्यक्ति अपने पेशेवर जीवन में अलग पहचान बना सकता है।उन्होंने कला, संगीत और अभिनय में अपनी रुचि को आगे बढ़ाया और अलग-अलग भाषाओं की फिल्मों में काम किया।उनकी पारिवारिक पृष्ठभूमि भले ही शाही रही हो, लेकिन सिनेमा में उनकी पहचान अभिनय, नृत्य और रचनात्मक प्रतिभा से बनी है।
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