- Home
- /
- अन्य खबरें
- /
- सम्पादकीय
- /
- कविता: महिला दिवस पर...

x
पायल लाठ, अध्यक्ष
छत्तीसगढ़ प्रांतीय अग्रवाल संगठन
बिलासपुर महिला इकाई
नारी,तुम्हें अब ख़ुद का सम्मान करना होगा
नारी, तुम्हें अब खुद का सम्मान करना होगा,
दूसरों के साथ अपने सपनों का भी ध्यान रखना होगा!
अपने सामने आज एक आईना रखना होगा,
अब खुद से अपने लिए सवाल करना होगा!
उंगलियां उठाने को तैयार हैं वो भी जिनके किरदार से खुद महक नहीं आती,
उन कांटों के बीच तुम्हें गुलाब सा महकना होगा!
नारी, तुम्हें अब दूसरों के साथ खुद का सम्मान करना होगा!
तुम अबला नहीं, तुम रानी लक्ष्मीबाई सा तेज रखना,
तुम शीतल जल सी हो पर गंगा सा वेग रखना!
तुम्हारे सपने तुम्हें ही पूरा करना होगा,
यह बात याद रखो परिवार के साथ तुम्हें अपना भी ख्याल रखना होगा!
संघर्ष से भरा जीवन है तुम्हारा
तुम्हें हर रोज यहां लड़ना होगा!
नारी, अब तुम्हें दूसरों से पहले खुद का सम्मान करना होगा।
Tagsकवितामहिला दिवसविशेषजनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperजनताjantasamachar newssamacharहिंन्दी समाचार
Next Story





