दिल्ली-एनसीआर

PM पद के लिए कौन पसंद जनता की पसंद में विजय का नाम भी शामिल

Ratna Netam
27 Aug 2026 7:38 PM IST
PM पद के लिए कौन पसंद जनता की पसंद में विजय का नाम भी शामिल
x
दिल्ली : देश में अगले प्रधानमंत्री को लेकर राजनीतिक चर्चाएं लगातार तेज हो रही हैं। इसी बीच एक सर्वे के आंकड़ों ने सभी का ध्यान खींचा है। सर्वे में प्रधानमंत्री पद के लिए मौजूदा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अब भी सबसे पसंदीदा चेहरे के रूप में सामने आए हैं, लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा अभिनेता से नेता बने थलपति विजय की एंट्री को लेकर हो रही है।
इंडिया टुडे और सी-वोटर के मूड ऑफ द नेशन सर्वे के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अभी भी देश के लोगों की पहली पसंद बने हुए हैं। सर्वे में करीब 49 फीसदी लोगों ने पीएम मोदी को अगले प्रधानमंत्री के लिए सबसे उपयुक्त चेहरा बताया। वहीं कांग्रेस नेता राहुल गांधी दूसरे स्थान पर रहे।
राहुल गांधी को भी मिला समर्थन
सर्वे के मुताबिक राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के लिए करीब 27 फीसदी लोगों का समर्थन मिला। पिछले कुछ समय में राहुल गांधी की राजनीतिक सक्रियता बढ़ी है और विपक्ष के प्रमुख चेहरे के तौर पर उनकी पहचान मजबूत हुई है।
राहुल गांधी लगातार केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते रहे हैं और रोजगार, महंगाई, सामाजिक मुद्दों समेत कई विषयों को लेकर सरकार को घेरते रहे हैं। सर्वे में उनकी स्थिति पहले के मुकाबले बेहतर दिखाई गई है।
थलपति विजय की अचानक एंट्री
सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और अभिनेता से नेता बने थलपति विजय को लेकर सामने आई। राजनीति में अपेक्षाकृत नए चेहरे होने के बावजूद सर्वे में उनका नाम प्रधानमंत्री पद के संभावित चेहरों में शामिल हुआ है।
सर्वे के अनुसार करीब 9 फीसदी लोगों ने थलपति विजय को अगले प्रधानमंत्री के रूप में पसंद किया। उनकी पार्टी तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) लगातार राष्ट्रीय स्तर पर अपनी राजनीतिक पहचान बनाने की कोशिश कर रही है।
फिल्म स्टार से मुख्यमंत्री तक का सफर
थलपति विजय दक्षिण भारतीय सिनेमा के बड़े सितारों में शामिल रहे हैं। फिल्मों में बड़ी लोकप्रियता हासिल करने के बाद उन्होंने राजनीति में कदम रखा। तमिलनाडु की राजनीति में उनकी एंट्री को काफी अहम माना जा रहा है।
विजय के समर्थक उन्हें एक नए विकल्प के तौर पर पेश कर रहे हैं। उनकी पार्टी के नेताओं की ओर से उन्हें भविष्य में राष्ट्रीय राजनीति में बड़ी भूमिका निभाने वाला नेता बताया जा रहा है।
परिसीमन मुद्दे पर भी सक्रिय विजय
थलपति विजय हाल के दिनों में परिसीमन जैसे राष्ट्रीय मुद्दों पर भी अपना रुख सामने रख चुके हैं। उन्होंने लोकसभा सीटों की संख्या को लेकर चिंता जताई है और तमिलनाडु के प्रतिनिधित्व से जुड़े मुद्दे उठाए हैं।
इससे संकेत मिलता है कि विजय केवल राज्य की राजनीति तक सीमित नहीं रहना चाहते, बल्कि राष्ट्रीय मुद्दों पर भी अपनी भूमिका बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
बीजेपी और कांग्रेस की चुनौती
सर्वे के आंकड़े बीजेपी और कांग्रेस दोनों के लिए अलग-अलग संदेश देते हैं। बीजेपी के लिए राहत की बात यह है कि प्रधानमंत्री मोदी की लोकप्रियता अभी भी मजबूत बनी हुई है। वहीं कांग्रेस के लिए राहुल गांधी का समर्थन बढ़ना सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।
लेकिन क्षेत्रीय नेताओं की बढ़ती लोकप्रियता भी राष्ट्रीय राजनीति में नए समीकरण बना सकती है। थलपति विजय की एंट्री इसी बदलाव की ओर इशारा करती है।
क्या विजय बन सकते हैं पीएम चेहरा?
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि प्रधानमंत्री पद तक पहुंचने के लिए केवल लोकप्रियता ही काफी नहीं होती। इसके लिए देशव्यापी संगठन, गठबंधन क्षमता, लंबे राजनीतिक अनुभव और चुनावी सफलता भी जरूरी होती है।
हालांकि भारतीय राजनीति में कई ऐसे उदाहरण रहे हैं जहां लोकप्रिय चेहरे तेजी से बड़े नेता बने हैं। थलपति विजय के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती अपनी लोकप्रियता को मजबूत राजनीतिक संगठन में बदलने की होगी।
आने वाले चुनाव पर नजर
2029 के लोकसभा चुनाव में अभी समय बाकी है, लेकिन राजनीतिक दलों ने अपनी रणनीति बनानी शुरू कर दी है। सर्वे के आंकड़े केवल जनता के मौजूदा मूड को दिखाते हैं, अंतिम फैसला चुनाव में मतदाता ही करेंगे।
फिलहाल पीएम मोदी सबसे आगे नजर आ रहे हैं, राहुल गांधी विपक्ष के प्रमुख चेहरे बने हुए हैं और थलपति विजय की एंट्री ने भविष्य की राजनीति को लेकर नई चर्चा शुरू कर दी है।
Next Story