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दिल्ली के नरेला में दाल गोदाम में भीषण आग, तीन मंजिलों तक फैली लपटें

Kavita2
18 Oct 2026 3:23 PM IST
दिल्ली के नरेला में दाल गोदाम में भीषण आग, तीन मंजिलों तक फैली लपटें
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नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के नरेला स्थित भोरगढ़ औद्योगिक क्षेत्र में रविवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब जे ब्लॉक में स्थित दाल भंडारण गोदाम में भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने गोदाम के ग्राउंड फ्लोर के साथ पहली और दूसरी मंजिल को भी अपनी चपेट में ले लिया। घटना की सूचना सुबह करीब 11 बजकर 10 मिनट पर दिल्ली अग्निशमन विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही दमकल विभाग ने 10 गाड़ियों को घटनास्थल के लिए रवाना किया। दमकलकर्मियों ने लगभग दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। गोदाम में बड़ी मात्रा में दाल और अन्य सामान रखा हुआ था। आग लगने के कारणों और इससे हुए आर्थिक नुकसान का फिलहाल स्पष्ट पता नहीं चल सका है।

सुबह 11:10 बजे दमकल विभाग को मिली सूचना

जानकारी के अनुसार, रविवार सुबह नरेला के भोरगढ़ औद्योगिक क्षेत्र स्थित जे ब्लॉक के दाल भंडारण गोदाम में अचानक आग लग गई। गोदाम के अंदर दाल और अन्य सामान रखा हुआ था।

आग लगने की जानकारी मिलने के बाद तत्काल दमकल विभाग को सूचित किया गया। विभाग को सुबह 11:10 बजे घटना की सूचना प्राप्त हुई।

आग की गंभीरता को देखते हुए दमकल विभाग ने 10 गाड़ियों को मौके पर भेजा। दमकलकर्मियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर आग बुझाने का अभियान शुरू किया।

बताया जा रहा है कि आग केवल गोदाम के निचले हिस्से तक सीमित नहीं रही, बल्कि पहली और दूसरी मंजिल तक फैल गई थी। इसके चलते आग बुझाने में दमकलकर्मियों को काफी मेहनत करनी पड़ी।

गोदाम की तीन मंजिलों तक पहुंची आग

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, दाल भंडारण गोदाम की ग्राउंड फ्लोर, पहली मंजिल और दूसरी मंजिल आग की चपेट में आ गई थीं।

तीन मंजिलों में आग फैलने के कारण दमकलकर्मियों के सामने उसे नियंत्रित करने की बड़ी चुनौती थी। ऐसी परिस्थितियों में आग के फैलाव को रोकने के साथ इमारत के अलग-अलग हिस्सों तक पहुंचना भी आवश्यक होता है।

गोदाम में खाद्यान्न के साथ अन्य सामान रखा होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, वहां मौजूद सामान की कुल मात्रा और किस प्रकार की सामग्री आग से प्रभावित हुई, इसका विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।

इस घटना से गोदाम में रखे सामान के नुकसान की आशंका है, लेकिन वास्तविक आर्थिक क्षति का आकलन अभी सामने नहीं आया है।

दमकल की 10 गाड़ियों ने संभाला मोर्चा

आग लगने की सूचना मिलने के बाद दिल्ली अग्निशमन विभाग की 10 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं।

दमकलकर्मियों ने गोदाम की अलग-अलग मंजिलों पर फैली आग को नियंत्रित करने के लिए अभियान चलाया। लगभग दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाने की जानकारी मिली है।

औद्योगिक क्षेत्रों में गोदामों और कारखानों में आग लगने की घटनाएं कई बार गंभीर रूप ले सकती हैं। ऐसे स्थानों पर बड़ी मात्रा में सामान रखा होने के कारण आग तेजी से फैलने का खतरा बना रहता है।

इस घटना में भी आग तीन मंजिलों तक फैल गई थी। दमकल विभाग की कार्रवाई का उद्देश्य आग को नियंत्रित कर आसपास की संपत्तियों तक फैलने से रोकना था।

मौके पर पहुंची पुलिस, स्थिति का लिया जायजा

घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची।

पुलिस और दमकलकर्मियों की मौजूदगी में आग बुझाने की कार्रवाई की गई। इस दौरान संबंधित अधिकारियों ने मौके की स्थिति का जायजा लिया।

आग लगने के समय गोदाम में कितने कर्मचारी मौजूद थे, इस संबंध में जानकारी उपलब्ध नहीं है।

इसी तरह घटना में किसी व्यक्ति के घायल होने या हताहत होने की भी अभी तक पुष्टि नहीं हुई है।

आग पर नियंत्रण पाने के बाद घटना के वास्तविक कारणों और नुकसान की स्थिति स्पष्ट करने के लिए आगे की जांच महत्वपूर्ण होगी।

आग लगने के कारणों का नहीं हुआ खुलासा

फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि दाल भंडारण गोदाम में आग किस वजह से लगी थी।

ऐसी घटनाओं में बिजली के तारों में खराबी, उपकरणों की तकनीकी समस्या या अन्य परिस्थितियां आग लगने के संभावित कारण हो सकते हैं। हालांकि, नरेला की इस घटना को किसी विशेष कारण से जोड़ने वाली आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है।

आग लगने की वास्तविक वजह संबंधित विभागों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

गोदाम में आग से बचाव के उपकरण उपलब्ध थे या नहीं और सुरक्षा मानकों का कितना पालन किया जा रहा था, इन पहलुओं की भी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

औद्योगिक क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा बेहद जरूरी

नरेला का भोरगढ़ औद्योगिक क्षेत्र विभिन्न प्रकार की औद्योगिक और भंडारण गतिविधियों के लिए जाना जाता है।

ऐसे इलाकों में गोदामों और कारखानों में रखी सामग्री की प्रकृति के अनुसार अग्नि सुरक्षा के प्रभावी इंतजाम होना आवश्यक है।

विशेषज्ञों के अनुसार, बड़े गोदामों में अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता, सुरक्षित विद्युत व्यवस्था और आपातकालीन निकासी मार्ग महत्वपूर्ण होते हैं।

इसके अलावा नियमित निरीक्षण और कर्मचारियों को अग्नि सुरक्षा संबंधी प्रशिक्षण देना भी आवश्यक है।

औद्योगिक इमारतों में आग लगने की स्थिति में शुरुआती मिनट बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। समय पर सूचना मिलने और दमकल टीमों के पहुंचने से आग पर नियंत्रण पाने में सहायता मिल सकती है।

पहले भी सामने आ चुकी हैं आग की घटनाएं

नरेला के भोरगढ़ औद्योगिक क्षेत्र में इससे पहले भी बड़ी आग की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।

अप्रैल 2026 में क्षेत्र की एक जूता निर्माण इकाई में भीषण आग लगी थी। उस घटना में दमकल की 24 गाड़ियां और बड़ी संख्या में अग्निशमन कर्मचारी लगाए गए थे। करीब नौ घंटे के अभियान के बाद आग पर काबू पाया गया था।

हालांकि, वह एक अलग घटना थी और रविवार को दाल गोदाम में लगी आग से उसका कोई प्रत्यक्ष संबंध सामने नहीं आया है।

इन घटनाओं से औद्योगिक क्षेत्रों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा का महत्व सामने आता है।

नुकसान के आकलन और जांच का इंतजार

रविवार सुबह नरेला के जे ब्लॉक स्थित दाल भंडारण गोदाम में लगी आग को लगभग दो घंटे बाद नियंत्रित कर लिया गया।

दमकल विभाग की 10 गाड़ियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर आग बुझाने की कार्रवाई की। आग गोदाम की तीन मंजिलों तक फैल गई थी, जिससे वहां रखे सामान को नुकसान पहुंचने की आशंका है।

फिलहाल आग लगने के कारण, कुल आर्थिक नुकसान और किसी व्यक्ति के घायल होने के संबंध में विस्तृत आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।

इस घटना ने एक बार फिर बड़े गोदामों और औद्योगिक प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा इंतजामों को मजबूत बनाए रखने की आवश्यकता को रेखांकित किया है।

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