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दशहरे पर मल्लिकार्जुन खड़गे ने दी शुभकामनाएं कम बारिश पर जताई चिंता

Ratna Netam
20 Oct 2026 3:05 PM IST
दशहरे पर मल्लिकार्जुन खड़गे ने दी शुभकामनाएं कम बारिश पर जताई चिंता
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नई दिल्ली। विजयादशमी यानी दशहरे के पावन अवसर पर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने मंगलवार, 20 अक्टूबर 2026 को देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने उम्मीद जताई कि बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक यह त्योहार सभी के जीवन में सुख, शांति और खुशहाली लेकर आएगा। इस दौरान खड़गे ने बारिश की कमी और उससे आम लोगों को हो रही परेशानियों को लेकर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि प्रकृति का साथ मिलना बेहद जरूरी है, क्योंकि पर्याप्त बारिश नहीं होने से लोगों की मुश्किलें बढ़ रही हैं।कांग्रेस अध्यक्ष ने दशहरे को देश की सांस्कृतिक परंपराओं और सामाजिक एकता का महत्वपूर्ण पर्व बताया। उन्होंने कहा कि यह त्योहार लोगों को सत्य, न्याय और सद्भाव के रास्ते पर चलने की प्रेरणा देता है। खड़गे ने अपने संदेश में सभी नागरिकों के बेहतर भविष्य और खुशहाल जीवन की कामना की।
दशहरे पर देशवासियों को दी शुभकामनाएं
मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि दशहरा पूरे देश में बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। यह पर्व भारतीय संस्कृति और परंपराओं का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस वर्ष का दशहरा सभी लोगों के लिए शुभ साबित होगा और उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लेकर आएगा।उन्होंने कहा, "दशहरा पूरे देश में मनाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण त्योहार है और मैं सभी को अपनी शुभकामनाएं देता हूं। मुझे उम्मीद है कि यह दशहरा सभी के लिए अच्छा साबित होगा।"दशहरा भगवान श्रीराम की रावण पर विजय और बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। देश के विभिन्न हिस्सों में इस अवसर पर धार्मिक आयोजन, रामलीला और रावण दहन के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
बारिश की कमी को लेकर जताई चिंता
त्योहार की शुभकामनाएं देने के साथ ही खड़गे ने बारिश की कमी का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने दावा किया कि बारिश औसत के 40 प्रतिशत से भी कम हुई है, जिसके कारण लोगों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।खड़गे ने कहा कि मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों का प्रभाव आम लोगों के जीवन पर पड़ता है। विशेष रूप से कृषि पर निर्भर परिवारों के लिए पर्याप्त बारिश होना बेहद जरूरी है।उन्होंने कहा कि प्राकृतिक परिस्थितियां अनुकूल होने पर ही लोगों को राहत मिल सकती है। हालांकि, उनके इस बयान में बारिश के आंकड़े से संबंधित क्षेत्र और समयावधि स्पष्ट नहीं है। इसलिए 40 प्रतिशत के आंकड़े को देशभर की वर्षा की स्थिति नहीं माना जा सकता।
कर्नाटक में सूखे की स्थिति भी चिंता का विषय
इससे पहले भी मल्लिकार्जुन खड़गे कर्नाटक में सूखे की स्थिति को लेकर चिंता जता चुके हैं। अक्टूबर की शुरुआत में उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर राज्य के सूखा प्रभावित क्षेत्रों के लिए केंद्रीय सहायता उपलब्ध कराने का आग्रह किया था।खड़गे ने कर्नाटक में फसलों को हुए नुकसान और जलाशयों में पानी की कमी का मुद्दा उठाया था। उन्होंने प्रभावित इलाकों में स्थिति का नए सिरे से आकलन कराने और पेयजल संबंधी परेशानियों को दूर करने की आवश्यकता बताई थी।
कृषि और आम जनजीवन पर पड़ता है असर
बारिश की कमी का सीधा प्रभाव खेती-किसानी पर पड़ सकता है। पर्याप्त वर्षा नहीं होने से खेतों में नमी की कमी, सिंचाई संबंधी परेशानियां और फसलों के उत्पादन पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका रहती है।विशेषज्ञों के अनुसार, वर्षा की कमी लंबे समय तक बनी रहने पर भूजल स्तर और जलाशयों में उपलब्ध पानी पर भी दबाव बढ़ सकता है। इससे कृषि के साथ-साथ पेयजल आपूर्ति और ग्रामीण आजीविका प्रभावित होने का खतरा रहता है।इसी कारण मौसम और वर्षा की स्थिति किसानों के साथ आम नागरिकों के लिए भी महत्वपूर्ण होती है। हालांकि, किसी क्षेत्र में वास्तविक प्रभाव का आकलन वहां के वर्षा आंकड़ों, जल भंडारण और फसलों की स्थिति के आधार पर ही किया जा सकता है।
सत्य, न्याय और भाईचारे का दिया संदेश
कांग्रेस अध्यक्ष ने दशहरे के अवसर पर सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे को मजबूत करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विविधता देश की विशेष पहचान है और त्योहार लोगों को एक-दूसरे के करीब लाने का अवसर प्रदान करते हैं।खड़गे ने अपने शुभकामना संदेश में सत्य, न्याय और धर्म के मूल्यों का उल्लेख करते हुए सभी के लिए समावेशी और समृद्ध भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि दशहरे का संदेश समाज में आपसी सम्मान और सद्भाव को बढ़ावा देने की प्रेरणा देता है।दशहरे के अवसर पर खड़गे का संदेश त्योहार की खुशियों के साथ मौसम से जुड़ी चुनौतियों पर भी केंद्रित रहा। उन्होंने देशवासियों के बेहतर भविष्य की कामना करते हुए उम्मीद जताई कि प्राकृतिक परिस्थितियां अनुकूल होंगी और लोगों को परेशानियों से राहत मिलेगी।
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