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Gurugram: साफ-सफाई में लापरवाही पर निगम ने की कड़ी कार्रवाई

Admindelhi1
10 April 2025 2:09 PM IST
Gurugram: साफ-सफाई में लापरवाही पर निगम ने की कड़ी कार्रवाई
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29 पर केस और भारी जुर्माना

गुरुग्राम: नगर निगम गुरुग्राम क्षेत्र में सार्वजनिक स्थानों, खाली प्लाटों, सडक़ों के किनारों सहित अन्य स्थानों पर कचरे व मलबे की अवैध डंपिंग करने वालों तथा प्रतिबंधित सिंगल यूज प्लास्टिक का निर्माण, भंडारण, बिक्री व उपयोग करने वालों पर लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है।

नगर निगम गुरुग्राम के अतिरिक्त आयुक्त डा. बलप्रीत सिंह ने बताया कि नगर निगम की सेनिटेशन सिक्योरिटी फोर्स (एसएसएफ) सप्ताह के सातों दिन राउंड ओ क्लॉक निगरानी कर रही है। टीम द्वारा अवैध डंपिंग के मामले में 33 वाहन मालिकों या चालकों के विरुद्ध अलग-अलग थानों में 29 एफआईआर दर्ज कराई गई हैं।

अवैध डंपिंग तथा प्रतिबंधित प्लास्टिक के मामले में अलग-अलग क्षेत्रों में उल्लंघनकर्ताओं पर 54 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया है। अगर यहां यह माना जाए कि एसएसएफ सेल्फ सस्टेनेबल मॉडल साबित हो रही है, तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी, क्योंकि फोर्स द्वारा वसूल की जा रही जुर्माना राशि फोर्स पर हो रहे खर्च के लगभग बराबर है।

अतिरिक्त निगमायुक्त ने बताया कि एसएसएफ द्वारा हाल ही में एक बड़ी प्लास्टिक निर्माण फैक्टरी पर भी रेड की गई थी, जिसमें 7300 किलोग्राम प्रतिबंधित प्लास्टिक जब्त करने के साथ ही 7 लाख रुपए की जुर्माना राशि भी रिकवर की गई। नगर निगम गुरुग्राम के इतिहास में यह पहली बड़ी रेड मानी गई है।

टीम द्वारा किए जा रहे बेहतर कार्यों की सराहना के लिए उन्हें प्रशंसा-पत्र देकर उनका मनोबल भी बढ़ाया गया है। साथ ही उन्हें इसी प्रकार बिना किसी भय व दबाव के कार्य जारी रखने को कहा है। एसएसएफ द्वारा सोमवार-मंगलवार की राशि निगरानी के दौरान उद्योग विहार फेज-1 में एक कैंटर को अवैध मलबा डंपिंग के मामले में पकड़ा गया है, जिस पर 50 हजार रुपए का जुर्माना लगाने की कार्रवाई भी की गई है।

अतिरिक्त निगमायुक्त डॉ. सिंह ने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर कचरा व मलबा फैंकने से हमारा शहर गंदा दिखाई देता है। सभी नागरिक शहर की स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग दें तथा इस प्रकार की गतिविधियां करने वालों को रोकने के साथ ही उनकी सूचना नगर निगम को भिजवाएं। एसएसएफ टीम अलग-अलग क्षेत्रों में लगातार निगरानी कर रही है तथा इस प्रकार की गतिविधियां करने वालों के विरूद्ध कार्रवाई की जा रही है।

सरकार द्वारा सिंगल यूज प्लास्टिक के निर्माण, भंडारण, बिक्री तथा उपयोग का प्रतिबंधित किया हुआ है क्योंकि यह हमारे स्वास्थ्य तथा पर्यावरण के लिए खतरनाक है।

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