दिल्ली-एनसीआर

दिल्ली MCD चुनाव नतीजे: भाजपा आगे, आप पीछे

Saba Naaz
15 July 2026 5:49 PM IST
दिल्ली MCD चुनाव नतीजे: भाजपा आगे, आप पीछे
x

नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम (MCD) की 12 वार्ड कमेटियों के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 10 वार्ड कमेटियों पर जीत दर्ज की है। वहीं, आम आदमी पार्टी (आप) को केवल दो वार्ड कमेटियों में सफलता मिली है। चुनाव परिणामों के बाद दिल्ली नगर निगम की राजनीति में भाजपा का दबदबा साफ दिखाई दे रहा है।

दिल्ली नगर निगम की 12 वार्ड कमेटियों के लिए हुए चुनाव में छह जोन में चेयरमैन और डिप्टी चेयरमैन के पदों के लिए मतदान हुआ। वहीं, अन्य छह जोन में भी इन पदों के लिए चुनावी प्रक्रिया पूरी की गई। चुनाव के दौरान कई जगहों पर क्रॉस वोटिंग देखने को मिली, जबकि कुछ स्थानों पर निर्विरोध चुनाव भी संपन्न हुए।

चुनाव से पहले वार्ड कमेटियों के समीकरण अलग-अलग थे। 12 में से आठ वार्ड कमेटियों में भाजपा के पास बहुमत था, जबकि चार वार्ड कमेटियों में आम आदमी पार्टी मजबूत स्थिति में थी। इसके बावजूद दोनों दलों ने 11-11 वार्ड कमेटियों में अपने उम्मीदवार उतारे थे।

चुनाव परिणाम सामने आने के बाद भाजपा ने 12 में से 10 वार्ड कमेटियों पर कब्जा जमा लिया। वहीं, आम आदमी पार्टी केवल दो वार्ड कमेटियों में जीत हासिल कर सकी। आप को रोहिणी और करोल बाग वार्ड कमेटी में सफलता मिली।

वार्ड कमेटियों के चुनाव को दिल्ली नगर निगम की राजनीति के लिहाज से काफी अहम माना जा रहा था। इन कमेटियों के जरिए स्थानीय स्तर पर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए जाते हैं और निगम के कामकाज में इनकी बड़ी भूमिका होती है। ऐसे में चुनाव परिणामों को आगामी राजनीतिक समीकरणों के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है।

भाजपा ने इस जीत के जरिए नगर निगम में अपनी स्थिति को और मजबूत किया है। पार्टी नेताओं ने इसे जनता के समर्थन और संगठन की मजबूती का परिणाम बताया है। वहीं, आम आदमी पार्टी ने भी अपनी जीती हुई सीटों को महत्वपूर्ण बताते हुए आगे बेहतर प्रदर्शन का दावा किया है।

चुनाव के दौरान कुछ वार्डों में क्रॉस वोटिंग ने भी सभी को चौंकाया। जिन वार्ड कमेटियों में किसी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं था, वहां उम्मीदवारों की जीत के लिए अतिरिक्त वोटों की जरूरत थी। ऐसे में पार्षदों के रुख ने चुनावी नतीजों को प्रभावित किया।

दिल्ली नगर निगम में वार्ड कमेटियां स्थानीय प्रशासन और विकास कार्यों के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती हैं। सड़क, सफाई, स्थानीय विकास और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े कई मुद्दों पर इनकी भूमिका रहती है। इसलिए इन चुनावों में जीत को भाजपा और आप दोनों के लिए प्रतिष्ठा का विषय माना जा रहा था।

भाजपा की 10 वार्ड कमेटियों में जीत के बाद पार्टी को निगम स्तर पर मजबूती मिली है। वहीं, आम आदमी पार्टी के लिए यह परिणाम चुनौती के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि पार्टी ने रोहिणी और करोल बाग में जीत दर्ज कर अपनी मौजूदगी बनाए रखी है।

अब इन वार्ड कमेटियों के चुने गए चेयरमैन और डिप्टी चेयरमैन अपने-अपने क्षेत्रों में कामकाज संभालेंगे। दिल्ली नगर निगम की आगे की राजनीति में इन चुनाव परिणामों का असर देखने को मिल सकता है।

Next Story