व्यापार

सरकार ने प्याज खरीद कीमत बढ़ाई, किसानों को मिलेगा बेहतर रिटर्न

Kavita2
4 July 2026 2:47 PM IST
सरकार ने प्याज खरीद कीमत बढ़ाई, किसानों को मिलेगा बेहतर रिटर्न
x

Business बिजनेस: सरकार ने शनिवार को प्याज किसानों के लिए एक अहम फैसला लेते हुए प्याज की खरीद कीमत में 13 प्रतिशत की बढ़ोतरी की घोषणा की है। अब प्याज की खरीद कीमत 1,875 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 2,125 रुपये प्रति क्विंटल कर दी गई है। यह नई दरें तत्काल प्रभाव से लागू हो गई हैं।

केंद्र सरकार के इस फैसले का उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाना और देश में प्याज के बफर स्टॉक को मजबूत करना है। सरकार का मानना है कि इस कदम से किसानों की आय में सुधार होगा और बाजार में कीमतों के संतुलन को बनाए रखने में भी मदद मिलेगी।

उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने जानकारी दी कि सरकार के प्राइस स्टेबिलाइजेशन बफर के तहत प्याज की खरीद जारी है। यह खरीद प्रक्रिया नेशनल एग्रीकल्चरल कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन (NAFED) और नेशनल कोऑपरेटिव कंज्यूमर्स फेडरेशन (NCCF) के माध्यम से की जा रही है। इन एजेंसियों के जरिए किसानों से प्याज खरीदी जा रही है ताकि बाजार में आपूर्ति और कीमतों में स्थिरता बनी रहे।

मंत्रालय ने यह भी स्पष्ट किया कि संशोधित खरीद कीमत से न केवल किसानों को बेहतर रिटर्न मिलेगा, बल्कि बफर स्टॉक तैयार करने की सरकारी कोशिशों को भी मजबूती मिलेगी। सरकार का कहना है कि यह कदम कृषि क्षेत्र को स्थिर और लाभकारी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के दूसरे अग्रिम अनुमान के अनुसार, वर्ष 2025-26 में देश में प्याज का उत्पादन 307.37 लाख मीट्रिक टन (LMT) रहने का अनुमान है। यह आंकड़ा 2024-25 के उत्पादन 307.67 LMT के लगभग समान है, जिससे यह संकेत मिलता है कि उत्पादन स्तर स्थिर बना हुआ है।

मंत्रालय ने अपने बयान में कहा कि उत्पादन अनुमान को देखते हुए वर्तमान में प्याज की कुल उपलब्धता को लेकर किसी प्रकार की चिंता की स्थिति नहीं है। हालांकि, सामान्य मौसमी प्रवृत्तियों के अनुसार कीमतों में मामूली उतार-चढ़ाव की संभावना बनी रह सकती है।

सरकार ने यह भी कहा कि बफर स्टॉक प्रणाली का उद्देश्य बाजार में अचानक होने वाले मूल्य उतार-चढ़ाव को नियंत्रित करना है, ताकि उपभोक्ताओं और किसानों दोनों के हितों की रक्षा की जा सके। इस प्रणाली के तहत जरूरत के समय बाजार में प्याज की आपूर्ति बढ़ाई जाती है, जिससे कीमतें स्थिर बनी रहती हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि खरीद कीमत में बढ़ोतरी से किसानों को सीधा लाभ मिलेगा और वे अपनी फसल को सरकारी एजेंसियों को बेचने के लिए अधिक प्रोत्साहित होंगे। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलने की संभावना है।

केंद्र सरकार ने पिछले कुछ वर्षों में कृषि उत्पादों के लिए बफर स्टॉक नीति को मजबूत करने पर जोर दिया है, ताकि आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में स्थिरता बनी रहे और आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित न हो।

कुल मिलाकर, प्याज की खरीद कीमत में यह वृद्धि किसानों के लिए राहत भरा कदम माना जा रहा है, जो न केवल उनकी आय बढ़ाने में मदद करेगा बल्कि देश में खाद्य मूल्य स्थिरता बनाए रखने की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

Next Story