
व्यापार | अगर आप हाईवे पर सफर करते हैं तो अब जेब और ढीली करनी पड़ेगी। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने टोल टैक्स में 4% से 5% तक की बढ़ोतरी का ऐलान किया है। यह नए शुल्क 1 अप्रैल 2024 से लागू हो गए हैं।
कितना बढ़ा टोल टैक्स?
हल्के वाहनों (कार, जीप) के लिए टोल 4% बढ़ाया गया।
भारी वाहनों (ट्रक, बस) के लिए 5% तक की वृद्धि।
फास्टैग उपयोगकर्ताओं के लिए डिजिटल भुगतान पर कोई अतिरिक्त छूट नहीं।
किन रास्तों पर होगा सबसे ज्यादा असर?
इस बढ़ोतरी का असर दिल्ली-मुंबई, दिल्ली-कोलकाता, बेंगलुरु-चेन्नई और अन्य प्रमुख हाईवे पर ज्यादा पड़ेगा। इन रूटों पर पहले से ही हाईवे टोल अधिक था, अब यात्रा और महंगी हो जाएगी।
क्यों बढ़ाए गए टोल शुल्क?
NHAI का कहना है कि यह वार्षिक टोल दर संशोधन प्रक्रिया का हिस्सा है। ईंधन की कीमतों और महंगाई को ध्यान में रखते हुए हर साल अप्रैल में टोल दरों की समीक्षा की जाती है। इस बार हाईवे मेंटेनेंस, नई सड़क परियोजनाओं और टोल प्लाजा के अपग्रेडेशन के लिए शुल्क बढ़ाया गया है।
यात्रियों की नाराजगी, सरकार पर दबाव
टोल टैक्स बढ़ने से आम लोग खासे नाराज हैं। यात्रियों और ट्रांसपोर्टरों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल पहले से महंगा है, अब टोल टैक्स बढ़ने से सफर करना और मुश्किल हो जाएगा। कई जगहों पर लोकल ट्रांसपोर्ट एसोसिएशनों ने इस फैसले के खिलाफ प्रदर्शन भी किया है।
आगे क्या?
अब सवाल यह है कि क्या सरकार इस बढ़ोतरी को वापस लेगी या फिर यात्रियों को ज्यादा टोल भरने के लिए मजबूर होना पड़ेगा? आने वाले दिनों में अगर विरोध बढ़ता है तो सरकार को अपने फैसले पर पुनर्विचार करना पड़ सकता है।





