
बिज़नेस: भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रही व्यापार समझौते की बातचीत को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक भारत और अमेरिका के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौता अगले तीन से चार महीनों में अंतिम रूप ले सकता है। दोनों देशों के बीच इस समझौते को लेकर कई दौर की बातचीत हो चुकी है और अब केवल कुछ औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी होना बाकी हैं।
एक अमेरिकी वरिष्ठ अधिकारी ने जानकारी दी है कि भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील का मसौदा लगभग तैयार है। अधिकारी के अनुसार, समझौते से जुड़े दस्तावेज तैयार हैं, लेकिन अमेरिका में चल रही व्यापार संबंधी जांच के कारण इस पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी है। अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि जैसे ही जांच पूरी होगी, दोनों देश समझौते को अंतिम रूप देने की दिशा में आगे बढ़ेंगे।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अधिकारी ने नाम सार्वजनिक नहीं करने की शर्त पर बताया कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता लगभग तैयार स्थिति में है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच बातचीत सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है और आने वाले कुछ महीनों में इसे औपचारिक मंजूरी मिल सकती है।
अमेरिका में चल रही सेक्शन 301 जांच को समझौते में देरी की बड़ी वजह बताया जा रहा है। सेक्शन 301 अमेरिकी व्यापार कानून का एक महत्वपूर्ण प्रावधान है, जिसके तहत अमेरिका उन देशों या व्यापारिक गतिविधियों की जांच करता है, जिन पर अनुचित व्यापारिक व्यवहार का आरोप होता है। इस कानून के तहत अमेरिका को जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त शुल्क लगाने या जवाबी कार्रवाई करने का अधिकार भी मिलता है।
अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि सेक्शन 301 के तहत चल रही जांच अगले सप्ताह तक पूरी होने की संभावना है। इसके बाद भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया तेज हो सकती है। हालांकि अंतिम हस्ताक्षर और औपचारिक घोषणा के लिए दोनों देशों को कुछ अन्य प्रक्रियाएं भी पूरी करनी होंगी।
भारत और अमेरिका के बीच यह व्यापार समझौता दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इस डील का उद्देश्य दोनों देशों के बीच व्यापार बढ़ाना, बाजार पहुंच को आसान बनाना और निवेश के अवसरों को बढ़ावा देना है।
माना जा रहा है कि समझौते से भारत के कई उद्योगों को अमेरिकी बाजार में बेहतर अवसर मिल सकते हैं। वहीं, अमेरिका को भी भारतीय बाजार में अपनी कंपनियों के लिए नए अवसर मिलने की उम्मीद है। दोनों देश लंबे समय से टैरिफ, बाजार पहुंच और व्यापार संतुलन जैसे मुद्दों पर बातचीत कर रहे हैं।
भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक रिश्ते पिछले कुछ वर्षों में लगातार मजबूत हुए हैं। दोनों देश रणनीतिक साझेदारी के साथ-साथ आर्थिक सहयोग को भी बढ़ाने पर जोर दे रहे हैं। ऐसे में यह व्यापार समझौता दोनों देशों के लिए काफी अहम माना जा रहा है।
अमेरिकी अधिकारी के इस बयान के बाद उम्मीद बढ़ गई है कि आने वाले महीनों में भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर कोई बड़ा ऐलान हो सकता है। हालांकि अंतिम फैसला दोनों देशों की सरकारों की मंजूरी और चल रही प्रक्रियाओं के पूरा होने के बाद ही सामने आएगा।





