मॉस्को। रूस के सुदूर पूर्वी अमूर इलाके में स्थित एक गैस केमिकल कॉम्प्लेक्स में मंगलवार को लगी भीषण आग ने बड़े हादसे का रूप ले लिया। इस दुर्घटना में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई, जबकि नौ लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं। मृतकों में छह चीनी नागरिक शामिल हैं। हादसे के बाद बड़ी संख्या में लोगों के घायल होने की भी जानकारी सामने आई है।
प्लांट प्रबंधन की ओर से बुधवार को टेलीग्राम पर जारी जानकारी के अनुसार, अमूर गैस केमिकल कॉम्प्लेक्स में मंगलवार को आग लगी थी। राहत और बचाव दलों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। हालांकि, आग बुझने के बाद भी लापता लोगों की तलाश और घायलों के उपचार का काम जारी है।
प्लांट की ओर से जारी प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, हादसे में कुल 152 लोग घायल हुए हैं। इनमें से 36 घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अन्य घायलों का इलाज घटनास्थल या आसपास की चिकित्सा सुविधाओं में किए जाने की जानकारी दी गई है।
छह चीनी नागरिकों की मौत
हादसे में मरने वाले सात लोगों में छह चीनी नागरिक बताए गए हैं। इससे दुर्घटना में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चिंता बढ़ गई है। अमूर क्षेत्र रूस के सुदूर पूर्व में स्थित है और चीन की सीमा के अपेक्षाकृत करीब है। बड़ी औद्योगिक परियोजनाओं में विभिन्न देशों के कर्मचारी काम करते हैं, ऐसे में दुर्घटना में विदेशी नागरिकों के प्रभावित होने का मामला विशेष महत्व रखता है।
हालांकि, मृतकों और घायलों की पूरी पहचान तथा उनकी राष्ट्रीयता को लेकर विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। संबंधित अधिकारी राहत एवं बचाव कार्य के साथ-साथ प्रभावित कर्मचारियों की पहचान और उनके परिवारों को सूचना देने की प्रक्रिया में जुटे हैं।
मंगलवार को लगी थी आग
प्लांट प्रबंधन के अनुसार, आग मंगलवार को अमूर गैस केमिकल कॉम्प्लेक्स में लगी। आग लगने के बाद परिसर में अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही आपातकालीन सेवाओं और बचाव दलों को सक्रिय किया गया।
औद्योगिक परिसर में आग लगने की स्थिति में सबसे बड़ी चुनौती कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकालने और आग को दूसरे हिस्सों तक फैलने से रोकने की होती है। गैस और रासायनिक संयंत्रों में ज्वलनशील पदार्थों की मौजूदगी के कारण आग पर नियंत्रण पाना भी मुश्किल हो सकता है।
राहत दलों ने कार्रवाई करते हुए आग को बुझाया। इसके बाद प्रभावित क्षेत्र में तलाशी अभियान शुरू किया गया। इसी दौरान कई लोगों के घायल होने और कुछ लोगों के लापता होने की जानकारी सामने आई।
152 लोग घायल
प्लांट की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, हादसे में 152 लोग घायल हुए हैं। इनमें 36 लोगों को अस्पताल ले जाया गया। घायलों में कुछ की स्थिति गंभीर हो सकती है, हालांकि उनकी स्वास्थ्य स्थिति को लेकर विस्तृत जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
बड़ी संख्या में लोगों के घायल होने के कारण स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं पर भी दबाव बढ़ने की संभावना है। अस्पतालों में घायलों का उपचार किया जा रहा है और चिकित्सकीय टीमें उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
अधिकारियों के सामने अब प्राथमिकता घायलों को आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के साथ-साथ लापता नौ लोगों की तलाश करना है।
नौ लोगों की तलाश जारी
आग बुझने के बाद भी राहत एवं बचाव अभियान खत्म नहीं हुआ है। नौ लोगों के लापता होने की सूचना है। बचाव दल प्रभावित परिसर और आसपास के हिस्सों में तलाशी अभियान चला रहे हैं।
लापता लोगों के बारे में अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वे आग लगने के समय संयंत्र के किस हिस्से में मौजूद थे। आग से प्रभावित क्षेत्रों में तलाशी अभियान सावधानी के साथ चलाया जा रहा है, ताकि बचावकर्मियों की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जा सके।
अधिकारियों को उम्मीद है कि तलाशी अभियान के दौरान लापता लोगों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। हालांकि, अभी यह कहना जल्दबाजी होगी कि लापता लोगों की स्थिति क्या है।
हादसे के कारणों की जांच होगी
फिलहाल आग लगने के वास्तविक कारणों का खुलासा नहीं किया गया है। औद्योगिक परिसर में लगी इतनी बड़ी आग के पीछे तकनीकी खराबी, उपकरणों में समस्या या अन्य किसी कारण की संभावना की जांच की जा सकती है।
रूसी अधिकारियों और प्लांट प्रबंधन की ओर से घटना की विस्तृत जांच शुरू किए जाने की संभावना है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि आग किस हिस्से से शुरू हुई, उस समय वहां कौन-सी गतिविधियां चल रही थीं और क्या सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था।
साथ ही यह भी देखा जाएगा कि आग लगने के बाद आपातकालीन प्रतिक्रिया कितनी तेजी से शुरू हुई और कर्मचारियों को सुरक्षित निकालने के लिए क्या कदम उठाए गए।
बड़े औद्योगिक संयंत्र में हादसा
अमूर गैस केमिकल कॉम्प्लेक्स रूस के सुदूर पूर्व क्षेत्र की महत्वपूर्ण औद्योगिक परियोजनाओं में से एक है। ऐसे बड़े संयंत्रों में गैस और रासायनिक उत्पादों से संबंधित गतिविधियां होती हैं, इसलिए सुरक्षा मानकों का पालन बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।
इस घटना ने एक बार फिर बड़े औद्योगिक संयंत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हादसे के बाद संयंत्र के संचालन और सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा किए जाने की संभावना है।
रूस के अमूर क्षेत्र में हुई इस दुर्घटना में सात लोगों की मौत और 152 लोगों के घायल होने की पुष्टि प्लांट प्रबंधन ने की है। छह मृतक चीनी नागरिक बताए गए हैं, जबकि नौ लोग अब भी लापता हैं। आग पर काबू पा लिया गया है, लेकिन राहत और बचाव अभियान जारी है।
फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती लापता लोगों को तलाशना और घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही हादसे की वजह और सुरक्षा व्यवस्था में संभावित चूक की जांच भी महत्वपूर्ण होगी। जांच पूरी होने के बाद ही इस भीषण औद्योगिक दुर्घटना के वास्तविक कारणों और जिम्मेदारी को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।