फुटबॉल जगत में उस समय हंगामा मच गया जब फेनरबाचे की जीत के बाद माटेओ गुएन्दोज़ी लियोन के फैन्स और स्टाफ के साथ विवाद में घिर गए। UEFA चैंपियंस लीग क्वालिफायर मुकाबले में फेनरबाचे की जीत के बाद फ्रांसीसी मिडफील्डर गुएन्दोज़ी के जश्न ने माहौल को गर्म कर दिया और देखते ही देखते विवाद हाथापाई तक पहुंच गया।
फेनरबाचे ने लियोन को 2-1 से हराकर चैंपियंस लीग के अगले दौर में जगह बनाई। इस जीत के बाद टीम जश्न मना रही थी, लेकिन गुएन्दोज़ी के लियोन समर्थकों की ओर किए गए इशारों और नारों के बाद स्थिति बिगड़ गई।
गुएन्दोज़ी के जश्न पर भड़के लियोन फैन्स
माटेओ गुएन्दोज़ी का लियोन समर्थकों के साथ पहले से ही तनावपूर्ण रिश्ता रहा है, क्योंकि वह लियोन के प्रतिद्वंद्वी क्लब मार्से के लिए खेल चुके हैं। मैच के दौरान भी उन्हें फैन्स की हूटिंग का सामना करना पड़ा था। मुकाबले के बाद उन्होंने कथित तौर पर मार्से से जुड़े नारे लगाए, जिससे घरेलू समर्थक और भड़क गए।
टनल में पहुंचते ही बढ़ा विवाद
मामला तब और गंभीर हो गया जब खिलाड़ी और स्टाफ टनल की ओर बढ़ रहे थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, लियोन के एक स्टाफ सदस्य और गुएन्दोज़ी के बीच तीखी झड़प हुई, जिसके बाद दोनों टीमों के खिलाड़ी और अधिकारी वहां पहुंच गए। सुरक्षा कर्मियों को हस्तक्षेप कर स्थिति संभालनी पड़ी।
गुएन्दोज़ी ने दी सफाई
विवाद के बाद गुएन्दोज़ी ने कहा कि उन्हें पूरे मैच के दौरान निशाना बनाया गया और उनके परिवार को लेकर भी आपत्तिजनक टिप्पणियां की गईं। उन्होंने कहा कि उनका जश्न उन घटनाओं की प्रतिक्रिया था।
वहीं लियोन के खिलाड़ियों ने भी माना कि जीत के बाद जश्न मनाना गलत नहीं है, लेकिन विरोधी टीम के फैन्स को उकसाने से बचना चाहिए था।
UEFA कार्रवाई की संभावना
इस घटना के बाद दोनों क्लबों पर UEFA की ओर से अनुशासनात्मक कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। फुटबॉल में मैदान के बाहर हुई ऐसी घटनाओं को लेकर नियम काफी सख्त हैं और जांच के बाद फैसला लिया जा सकता है।
फिलहाल फेनरबाचे की जीत चर्चा में है, लेकिन उससे ज्यादा सुर्खियां माटेओ गुएन्दोज़ी के विवादित जश्न और उसके बाद हुए हंगामे ने बटोर ली हैं।