Shivling Puja: सोमवार को शिवलिंग की पूजा के समय न करें ये गलतियां, जान लें नियम
Shivling Puja: सनातन धर्म में हर दिन किसी खास देवता को समर्पित होता है। सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित है। इस दिन भक्त भगवान शिव की पूजा करते हैं और व्रत रखते हैं। भक्त शिवलिंग का अभिषेक करते हैं और अपनी मनचाही मनोकामनाओं के लिए प्रार्थना करते हैं। कहा जाता है कि भगवान शिव को प्रसन्न करने का सबसे आसान तरीका शिवलिंग की पूजा है।
शिवलिंग की पूजा बहुत खास मानी जाती है। ऐसा माना जाता है कि इस पूजा से भगवान शिव आसानी से प्रसन्न हो जाते हैं और सभी इच्छाएं पूरी करते हैं। हालांकि, कई लोग अनजाने में शिवलिंग की पूजा करते समय कुछ गलतियां कर देते हैं, जिससे उन्हें पूजा का पूरा फल नहीं मिल पाता। इसलिए, आइए जानते हैं कि सोमवार को शिवलिंग की पूजा कैसे करें और पूजा के नियम क्या हैं।
शिवलिंग पूजा के दौरान ये गलतियां न करें:
शिवलिंग को वैराग्य और त्याग का प्रतीक माना जाता है, इसलिए इस पर सिंदूर न चढ़ाएं। इसके अलावा, शिवलिंग पर कभी भी हल्दी या कुमकुम न चढ़ाएं। हल्दी सुंदरता और सौभाग्य से जुड़ी है। इसका इस्तेमाल देवी पार्वती की पूजा में किया जाता है। शिवलिंग पर कभी भी तुलसी के पत्ते न चढ़ाएं। भगवान शिव को चढ़ावे या पूजा में तुलसी वर्जित मानी जाती है। शिवलिंग पर कभी भी टूटे हुए चावल के दाने न चढ़ाएं। टूटे हुए चावल के दाने अधूरेपन का प्रतीक माने जाते हैं। शिवलिंग पर कभी भी शंख से जल न चढ़ाएं।
इस विधि से करें शिवलिंग पूजा:
सोमवार की सुबह नहाने के बाद साफ कपड़े पहनें। मंदिर में सबसे पहले शिवलिंग पर जल चढ़ाएं। उसके बाद पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद और चीनी का मिश्रण) से अभिषेक करें। फिर शुद्ध जल से दोबारा अभिषेक करें। उसके बाद चंदन का लेप लगाएं। फिर बेलपत्र, धतूरे के फूल, आक के फूल और अन्य चीजें चढ़ाएं। पूजा के दौरान "ॐ नमः शिवाय" मंत्र का जाप ज़रूर करें। आखिर में भगवान शिव की आरती करें।