Masik Shivaratri May 2025: भक्ति और तप का प्रतीक मासिक शिवरात्रि इस बार 27 मई, मंगलवार को मनाई जाएगी. यह पर्व हर माह कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को आता है और भगवान शिव की विशेष आराधना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है. मान्यता है कि मासिक शिवरात्रि का व्रत करने से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है. यह व्रत पापों से मुक्ति, जीवन में शांति, सौभाग्य और इच्छित वर की प्राप्ति में सहायक होता है. विवाहित महिलाएं पति की दीर्घायु के लिए, और अविवाहित कन्याएं अच्छे वर की कामना से यह व्रत करती हैं|
पूजा का शुभ मुहूर्त:
इस दिन चतुर्दशी तिथि सुबह 6:45 बजे शुरू होकर 28 मई को सुबह 4:20 बजे तक रहेगी. शिव पूजन के लिए निशीथ काल का शुभ मुहूर्त रात 12:07 से 12:52 बजे तक है. इस अवधि में की गई पूजा विशेष फलदायी मानी जाती है|
भक्त दिनभर उपवास रखकर संध्या के समय स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करते हैं. इसके बाद शिवलिंग का जल, दूध, दही, घी, शहद और गंगाजल से अभिषेक किया जाता है. फिर बेलपत्र, धतूरा, आक के फूल और भस्म अर्पित कर “ॐ नमः शिवाय” मंत्र का जप किया जाता है|
रात्रि जागरण, शिव कथा और भजन-कीर्तन भी इस दिन पुण्यदायक माने जाते हैं. यह व्रत पापों से मुक्ति और मनोकामना पूर्ति में अत्यंत सहायक माना गया है|
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