Shimla. शिमला। राजधानी शिमला के सदर पुलिस थाना शिमला में दर्ज 16 लाख रुपए की साइबर ठगी के मामले में पुलिस ने एक वांछित आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान अमान अली पुत्र शमशाद अली, निवासी यमुना विहार, दिल्ली के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को 19 अगस्त, 2026 को दिल्ली के भजनपुरा इलाके से गिरफ्तार किया। इसके बाद उसे ट्रांजिट रिमांड पर शिमला लाया गया। अदालत में पेश करने के बाद आरोपी को 22 अगस्त तक पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।
पुलिस के अनुसार यह मामला पुलिस थाना सदर शिमला में 5 दिसंबर 2025 को दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया था कि 11 अक्तूबर 2025 से 14 अक्तूबर 2025 के बीच उसके एसबीआई बैंक खाते से धोखाधड़ी करके कुल 16 लाख रुपए निकाल लिए गए। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) के तहत अभियोग दर्ज किया। जांच के दौरान पुलिस को आरोपी अमान अली की इस ठगी में संलिप्तता के बारे में जानकारी मिली। आरोपी की तलाश के लिए पुलिस टीम लगातार प्रयास कर रही थी। पुलिस ने तकनीकी जांच और अन्य माध्यमों से जुटाई गई जानकारी के आधार पर आरोपी की लोकेशन का पता लगाया। इसके बाद शिमला पुलिस की टीम ने दिल्ली पहुंचकर 19 अगस्त को भजनपुरा इलाके में दबिश दी और आरोपी अमान अली को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे नियमानुसार ट्रांजिट रिमांड पर लिया और शिमला लाया। शिमला लाने के बाद आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से पुलिस को 22 अगस्त तक का पुलिस रिमांड मिला है। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि शिकायतकर्ता के खाते से रकम किस तरीके से निकाली गई, इस रकम को कहां और किन खातों में भेजा गया तथा इस साइबर ठगी में आरोपी के साथ कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं। एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने बताया कि मामले की जांच अभी जारी है। पूछताछ और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस साइबर धोखाधड़ी के मामलों में आरोपियों तक पहुंचने के लिए तकनीकी साक्ष्यों और अन्य जांच माध्यमों का इस्तेमाल कर रही है।
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