बाबा महाकाल की शाही सवारी में पहुंचे सिंधिया...
सिंहस्थ 2028 को लेकर किया बड़ा ऐलान
Ujjain उज्जैन। बाबा महाकाल की अंतिम शाही सवारी के अवसर पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया धार्मिक उत्साह और श्रद्धा के साथ शामिल हुए। उन्होंने भगवान महाकाल के दर्शन कर पूजा-अर्चना की और प्रदेश तथा देश की सुख-समृद्धि की कामना की। इस दौरान सिंधिया ने उज्जैन में वर्ष 2028 में होने वाले सिंहस्थ कुंभ की तैयारियों का भी जिक्र किया और कहा कि इसे ऐतिहासिक बनाने के लिए तेजी से काम किया जा रहा है। बाबा महाकाल की शाही सवारी को लेकर उज्जैन में भक्तिमय माहौल देखने को मिला। भगवान महाकाल के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु सवारी मार्ग पर मौजूद रहे। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भी इस धार्मिक आयोजन में शामिल हुए और बाबा महाकाल के प्रति अपनी आस्था प्रकट की।
सिंधिया ने कहा कि परंपरा के अनुसार जब भगवान महाकाल की सवारी गोपाल मंदिर पहुंचेगी, तब उन्हें वहां भगवान महाकाल का स्वागत करने और दिव्य दर्शन प्राप्त करने का सौभाग्य मिलेगा। उन्होंने इस अवसर को अपने लिए विशेष बताते हुए धार्मिक परंपराओं और उज्जैन की ऐतिहासिक विरासत का उल्लेख किया। केंद्रीय मंत्री ने आगामी सिंहस्थ कुंभ 2028 की तैयारियों पर भी बात की। उन्होंने कहा कि वर्ष 2028 में सिंहस्थ का आयोजन उज्जैन में होने वाला है और इसकी तैयारियां मुख्यमंत्री के नेतृत्व में बहुत तेजी से आगे बढ़ रही हैं। सरकार और प्रशासन का प्रयास है कि सिंहस्थ में आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और आयोजन को भव्य स्वरूप दिया जाए।
सिंधिया ने कहा कि उनकी कामना है कि सिंहस्थ 2028 केवल देश के लिए ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लिए एक ऐतिहासिक आयोजन बने। इसके लिए सभी मिलकर काम कर रहे हैं। उज्जैन की धार्मिक पहचान और सिंहस्थ के वैश्विक महत्व को देखते हुए तैयारियों को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाया जा रहा है। महाकाल की शाही सवारी उज्जैन की प्रमुख धार्मिक परंपराओं में शामिल है। सवारी के दौरान भगवान महाकाल नगर भ्रमण पर निकलते हैं और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उनके दर्शन करते हैं। गोपाल मंदिर में भगवान महाकाल के स्वागत की भी विशेष परंपरा रही है। शाही सवारी में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की मौजूदगी ने भी लोगों का ध्यान खींचा। बाबा महाकाल के दर्शन के साथ उन्होंने सिंहस्थ 2028 को ऐतिहासिक बनाने का संकल्प दोहराया। आने वाले समय में सिंहस्थ की तैयारियों को और गति मिलने की उम्मीद है।