Delhi दिल्ली: भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर सोमवार को श्रीलंका की राजधानी कोलंबो पहुंचे। उनके आगमन के मौके पर श्रीलंका के उप पर्यटन मंत्री रुवान रणसिंघे ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। विदेश मंत्री ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर ट्वीट कर स्वागत के लिए उप मंत्री का धन्यवाद किया और बताया कि वे अगले दिन श्रीलंकाई नेतृत्व के साथ महत्वपूर्ण मुलाकातों की उम्मीद कर रहे हैं। डॉ. जयशंकर के कोलंबो आगमन का उद्देश्य दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करना, क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग पर चर्चा करना है। भारत और श्रीलंका के बीच लंबे समय से सांस्कृतिक, आर्थिक और सुरक्षा संबंध रहे हैं, और यह दौरा इस साझेदारी को और गहरा करने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
विदेश मंत्री का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब दक्षिण एशिया में आर्थिक और सामरिक स्थिति लगातार बदल रही है। दोनों देशों के प्रतिनिधि इस अवसर पर समुद्री सुरक्षा, निवेश और पर्यटन क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर भी बातचीत करेंगे। विशेष रूप से, कोवेला और तटवर्ती क्षेत्रों में पर्यटन व सुरक्षा सहयोग पर ध्यान दिया जाएगा। डॉ. जयशंकर ने आगमन पर कहा कि वे श्रीलंकाई नेतृत्व के साथ विस्तृत विचार-विमर्श करेंगे, जिससे द्विपक्षीय सहयोग के नए अवसर तलाशे जा सकें। उन्होंने ट्वीट में लिखा, “कल श्रीलंकाई नेतृत्व के साथ अपनी मुलाकातों का इंतजार है।” इस दौरे के दौरान दोनों देशों के विदेश मंत्रालयों और संबंधित विभागों के अधिकारी भी विभिन्न मुद्दों पर चर्चा में शामिल होंगे।
श्रीलंका के उप पर्यटन मंत्री रुवान रणसिंघे ने भी इस अवसर पर भारत और श्रीलंका के बीच मजबूत मित्रता और सहयोग को दोहराया। उन्होंने कहा कि भारत के विदेश मंत्री का यह दौरा द्विपक्षीय संबंधों के लिए सकारात्मक संकेत है और दोनों देशों के बीच व्यापार, पर्यटन और सुरक्षा क्षेत्रों में नई पहल की दिशा में सहमति बढ़ाएगा। विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, दौरे के दौरान क्षेत्रीय सहयोग, आर्थिक साझेदारी, समुद्री सुरक्षा और आपसी निवेश के अवसरों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। इसके साथ ही दोनों देशों के नागरिकों और व्यापार समुदायों के लिए अधिक अवसर सुनिश्चित करने पर भी चर्चा होगी। इस दौरे के दौरान, डॉ. जयशंकर भारतीय समुदाय और निवेशकों से भी मुलाकात करेंगे। यह दौरा भारत और श्रीलंका के बीच आपसी विश्वास और सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है।