PATNA पटना। भारत में ईरान के सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने कहा है कि सभी देश, जिनमें भारत भी शामिल है, यूएस और ईरान के बीच शांति वार्ता में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने यह बयान तब दिया जब उनसे पूछा गया कि क्या भारत इस प्रक्रिया में मध्यस्थ के रूप में योगदान कर सकता है।
डॉ. इलाही ने कहा, "बिल्कुल सभी देश इस युद्ध को रोकने में अच्छी भूमिका निभा सकते हैं।" उनका यह बयान इस बात की ओर इशारा करता है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय की सहभागिता से यूएस और ईरान के बीच तनाव को कम किया जा सकता है। उन्होंने भारत की कूटनीतिक क्षमताओं की सराहना करते हुए कहा कि भारत अपने शांतिप्रिय दृष्टिकोण और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के माध्यम से सकारात्मक भूमिका निभा सकता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि भारत की इस तरह की मध्यस्थता न केवल क्षेत्रीय स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा और व्यापारिक हितों के लिहाज से भी जरूरी हो सकती है। भारत और ईरान के बीच पारंपरिक रूप से मजबूत कूटनीतिक और आर्थिक संबंध रहे हैं, जिसे ध्यान में रखते हुए यह संभावना जताई जा रही है कि भारत शांति वार्ता में सहायक भूमिका निभा सकता है। इस अवसर पर डॉ. इलाही ने सभी देशों से अपील की कि वे मिलकर संघर्ष रोकने और कूटनीतिक समाधान खोजने में योगदान दें। उनका यह संदेश वैश्विक स्तर पर शांति और सहयोग को बढ़ावा देने वाला माना जा रहा है।