Pali. पाली। राजस्थान के पाली शहर में मानसून से पहले जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नगर निगम ने बड़े स्तर पर नालों की सफाई अभियान शुरू किया है। शहर में करीब 40 किलोमीटर लंबे नालों की सफाई का काम पिछले कुछ दिनों से तेजी से चल रहा है, जिसमें दो जेसीबी मशीनों और निगम की टीमों को लगाया गया है। नगर निगम का उद्देश्य है कि बरसात से पहले सभी प्रमुख नालों की सफाई पूरी कर ली जाए, ताकि बारिश के दौरान शहर में जलभराव की स्थिति पैदा न हो। इस अभियान के तहत बड़े नालों की सफाई जेसीबी मशीनों से की जा रही है, जबकि छोटे नालों की सफाई के लिए मजदूरों की टीम लगाई गई है।
जानकारी के अनुसार, छोटे नालों की सफाई के लिए नगर निगम ने 15 लाख रुपये का टेंडर जारी किया है। इस टेंडर के तहत सफाईकर्मी नालों के अंदर उतरकर मैन्युअल तरीके से सफाई का काम करेंगे, ताकि जमी हुई गंदगी और कचरा पूरी तरह हटाया जा सके। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, शहर में कई ऐसे क्षेत्र हैं जहां हर साल मानसून के दौरान जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न होती है। इनमें लोढ़ा स्कूल रोड, आदर्श नगर, रामदेव रोड, मंडिया रोड, शिक्षा विभाग कार्यालय क्षेत्र और नया गांव रोड प्रमुख हैं। इन इलाकों में बारिश के पानी की निकासी सही ढंग से नहीं होने के कारण लोगों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
नगर निगम पाली के आयुक्त नवीन भारद्वाज ने बताया कि शहर के लगभग सभी प्रमुख नालों की सफाई का कार्य पूरा होने के करीब है। उन्होंने कहा कि शेष बचे छोटे नालों की सफाई के लिए टेंडर प्रक्रिया के तहत काम शुरू कर दिया गया है और जल्द ही इसे भी पूरा कर लिया जाएगा। आईएमडी की मानसून को लेकर जारी संभावित चेतावनी के बीच यह सफाई अभियान और भी महत्वपूर्ण हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून इस वर्ष 26 मई को केरल में दस्तक दे सकता है और यह अपने सामान्य समय से पहले देश में प्रवेश कर सकता है। नगर निगम का कहना है कि इस बार पूरी तैयारी के साथ काम किया जा रहा है ताकि शहर में बारिश के दौरान किसी भी प्रकार की जलभराव की समस्या न हो और लोगों को राहत मिल सके। स्थानीय नागरिकों ने भी इस सफाई अभियान को आवश्यक और सकारात्मक कदम बताया है।