पंडोह। आखिऱ 110 दिनों के बाद अपने रिस्क पर माता बगलामुखी मंदिर तक छोटे वाहनों की पहुंच हो सकी है। लोगों में खुशी की लहर है। बता दें कि 30 जून को हुई भारी बारिश के कारण कुकलाह खड्ड ने जबरदस्त कहर मचाया था। जिसकी चपेट में कुकलाह पुल बह गया था और बाखली पुल क्षतिग्रस्त हो गया था। इतना ही नहीं बाखली से कुकलाह तक सडक़ मार्ग अभी तक बंद पड़ी हुईं है। लोक निर्माण विभाग इस सडक़ मार्ग को खुलवाने में पुरी तरह से नाकाम रहा है। स्थानीय लोगों ने मिलकर अपने पैसे और श्रम से बाखली पुल के नीचे खड्ड से सडक़ निकालने में सफलता प्राप्त की है। गुरुवार को कार- जीप इस सडक़ से माता बगलामुखी मंदिर तक पहुंच पाईं है। इतना ही नहीं इस अस्थाई सडक़ मार्ग से सराची सडक़ भी लिंक हो गई है।
लोग कुकलाह भी आ-जा सकेंगे। यानी अब पंडोह सराची सडक़ मार्ग अस्थाई रूप से सुचारू हो चुका है। 113 दिनों के बाद अपने रिस्क पर गाडिय़ां बाखली खड्ड से कुकलाह और माता बगलामुखी मंदिर तक पहुंच पाईं है। जिसमें लोक निर्माण विभाग का आंशिक सहयोग रहा है जबकि स्थानीय लोगों का बहुत भारी योगदान रहा है। स्थानीय निवासी हेम राज, कमल, टेक चंद, दुनी चंद, राम सिंह, भूपेंद्र सिंह और राम लाल ने खुशी जताते हुए सभी सहयोगियों का धन्यवाद किया है। स्थानीय लोगों ने एक मिशाल पेश की है। पंचायत प्रधान तादी अमरावती ठाकुर ने लोगों को बधाई देते हुए उनकी मेहनत की सराहना की है।