महराजगंज। उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 730 पर रविवार रात हुए भीषण सड़क हादसे में बाइक सवार युवक और किशोर की मौत हो गई। दोनों गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती रिश्तेदार को देखकर घर लौट रहे थे। सेमरा चंदौली में एचडीएफसी बैंक के पास किसी अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। दुर्घटना के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया।
मृतकों की पहचान नगर पालिका परिषद महराजगंज के पिपरदेउरा वार्ड निवासी 20 वर्षीय सूरज और 14 वर्षीय आदित्य के रूप में हुई है। रविवार को दोनों किसी रिश्तेदार का हाल जानने के लिए गोरखपुर स्थित निजी अस्पताल गए थे। वहां से रात में बाइक पर सवार होकर परतावल के रास्ते महराजगंज लौट रहे थे।
दोनों बाइक से राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 730 पर सेमरा चंदौली क्षेत्र में पहुंचे थे। एचडीएफसी बैंक शाखा के पास किसी अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगने से बाइक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर गई और दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद टक्कर मारने वाला वाहन मौके पर नहीं रुका।
रात में सड़क से गुजर रहे लोगों ने बाइक और दोनों घायलों को सड़क पर पड़ा देखा। इसके बाद दुर्घटना की सूचना डायल-112 को दी गई। जानकारी मिलते ही डायल-112 की टीम और परतावल चौकी पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। दोनों घायलों की हालत बेहद गंभीर थी। पुलिस ने एंबुलेंस की सहायता से उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परतावल पहुंचाया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सकों ने सूरज और आदित्य की जांच की लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने दोनों की पहचान करने की प्रक्रिया शुरू की और उनके पास मिले सामान तथा वाहन संबंधी विवरण के आधार पर परिजनों को सूचना दी।
हादसे की जानकारी पिपरदेउरा स्थित घर पहुंचते ही दोनों परिवारों में मातम पसर गया। रविवार को रिश्तेदार को अस्पताल में देखने के लिए निकले सूरज और आदित्य के सुरक्षित घर लौटने का परिवार इंतजार कर रहा था। इसके बजाय देर रात दोनों की मौत की सूचना मिलने से परिजन सदमे में आ गए। रोते-बिलखते परिवार के सदस्य अस्पताल पहुंचे।
पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए दोनों शवों को अपने कब्जे में लिया। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें परिजनों को सौंपा जाएगा। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बाइक को भी सुरक्षित कर लिया है ताकि हादसे से जुड़े साक्ष्यों की जांच की जा सके।
अज्ञात वाहन और उसके चालक की पहचान के लिए घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाले जाने की संभावना है। एचडीएफसी बैंक और आसपास के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के कैमरों से वाहन के बारे में सुराग मिल सकता है। दुर्घटना किस वाहन से हुई और वह किस दिशा में भागा इसकी पुष्टि अभी नहीं हुई है।
हादसे के समय सड़क पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शियों की जानकारी भी जुटाई जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि टक्कर मारने वाला वाहन ट्रक बस कार या कोई अन्य वाहन था। जांच पूरी होने से पहले वाहन के प्रकार गति अथवा चालक की लापरवाही के बारे में कोई निश्चित निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
सेमरा चंदौली में एचडीएफसी बैंक की शाखा महराजगंज रोड पर छपिया बाजार क्षेत्र में स्थित है। यह मार्ग परतावल और महराजगंज को जोड़ने वाले व्यस्त रास्तों में शामिल है। राष्ट्रीय राजमार्ग पर दिन के साथ रात में भी भारी और छोटे वाहनों की आवाजाही बनी रहती है।
राष्ट्रीय राजमार्ग 730 उत्तर प्रदेश के कई जिलों से गुजरता है और महराजगंज तथा परतावल इसके महत्वपूर्ण मार्गों में शामिल हैं। इस सड़क पर स्थानीय यातायात के साथ लंबी दूरी के मालवाहक वाहनों की आवाजाही भी होती है। रात में तेज गति से चलते भारी वाहनों के कारण दोपहिया वाहन चालकों के लिए खतरा बढ़ जाता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि हाईवे पर रात के समय वाहनों की गति नियंत्रित करने और संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था जरूरी है। हादसों की रोकथाम के लिए संकेतक रिफ्लेक्टर स्पीड ब्रेकर और नियमित निगरानी की भी आवश्यकता है। दुर्घटना के बाद वाहन लेकर फरार होने वाले चालकों की पहचान के लिए प्रमुख स्थानों पर उच्च गुणवत्ता वाले कैमरे लगाने की मांग भी उठती रही है।
सड़क हादसे के बाद घायल व्यक्ति को समय पर चिकित्सा सहायता मिलना बेहद जरूरी होता है। इस मामले में सूचना मिलने पर डायल-112 और परतावल चौकी पुलिस ने दोनों घायलों को एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। चिकित्सकों ने अस्पताल पहुंचने पर दोनों को मृत घोषित कर दिया।
दुर्घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल अज्ञात वाहन की पहचान का है। पुलिस के सामने घटनास्थल के आसपास उपलब्ध कैमरों वाहन के टूटे हिस्सों टायर के निशान और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के आधार पर आरोपी चालक तक पहुंचने की चुनौती होगी। वाहन की पहचान होने के बाद उसके मालिक और चालक की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।
पुलिस ने लोगों से भी अपील की है कि हादसे के समय वहां मौजूद कोई व्यक्ति या दुर्घटना से संबंधित जानकारी रखने वाला नागरिक सामने आकर सूचना दे। छोटी सी जानकारी भी फरार वाहन तक पहुंचने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और वाहन चालक की पहचान के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।