प्रयागराज: बारिश के मौसम में शहर में होने वाले जलभराव की समस्या से निपटने के लिए प्रयागराज में बड़ी योजना पर काम शुरू होने जा रहा है। नगर निगम ने शहर की जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए ड्रेनेज मास्टर प्लान तैयार कराने का फैसला लिया है। इसके लिए दिल्ली की एक विशेषज्ञ कंपनी को जिम्मेदारी दी गई है, जो पूरे शहर का सर्वे कर आधुनिक जल निकासी प्रणाली का खाका तैयार करेगी।
प्रयागराज में हर साल मानसून
के दौरान कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन जाती है। कम समय में तेज बारिश होने पर सड़कों, गलियों और निचले इलाकों में पानी जमा हो जाता है, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ता है। इसी समस्या के स्थायी समाधान के लिए अब वैज्ञानिक तरीके से ड्रेनेज सिस्टम विकसित करने की तैयारी है।
दिल्ली की कंपनी शहर के मौजूदा नालों, जल निकासी मार्गों, पंपिंग स्टेशनों और जलभराव वाले प्रमुख स्थानों का अध्ययन
करेगी। इसके बाद भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए ड्रेनेज मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा। इसमें बारिश के पानी की निकासी, नए नालों का निर्माण, पुराने नालों की क्षमता बढ़ाने और जलभराव वाले क्षेत्रों के समाधान जैसे सुझाव शामिल होंगे। अधिकारियों के अनुसार, मास्टर प्लान तैयार करने से पहले पूरे शहर का तकनीकी सर्वे कराया जाएगा। इसमें यह देखा जाएगा कि किन क्षेत्रों में पानी सबसे ज्यादा जमा होता है और वहां जल निकासी की मौजूदा व्यवस्था कितनी प्रभावी है। इसके आधार पर प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में सुधार कार्य किए जाएंगे।
प्रयागराज जैसे तेजी से विकसित हो रहे शहर में बढ़ती आबादी और लगातार हो रहे निर्माण कार्यों के कारण जल निकासी व्यवस्था पर दबाव बढ़ा है। विशेषज्ञों का मानना है कि केवल नालों की सफाई से समस्या का स्थायी समाधान संभव नहीं है, बल्कि शहर की भौगोलिक स्थिति के अनुसार एक बेहतर ड्रेनेज नेटवर्क तैयार करना जरूरी है। इस परियोजना के तहत आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। बारिश के पानी के बहाव, जमीन की ढलान और जलभराव की स्थिति का डिजिटल अध्ययन कर ऐसी योजना बनाई जाएगी, जिससे आने वाले वर्षों में शहर को मानसून के दौरान कम परेशानी का सामना करना पड़े।
नगर निगम का लक्ष्य है कि ड्रेनेज मास्टर प्लान के आधार पर चरणबद्ध तरीके से विकास कार्य किए जाएं। इससे न केवल जलभराव की समस्या कम होगी बल्कि सड़कों, बाजारों और रिहायशी इलाकों में बारिश के दौरान होने वाली परेशानियों से भी राहत मिलेगी।
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